नई दिल्ली : मौलाना साजिद रशीदी ने सड़क पर नमाज को लेकर बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि कुछ राजनीतिक पार्टियां चाहती हैं कि मुसलमान सड़क पर नमाज पढ़ें, फिर विवाद हो, मारपीट हो, मुकदमे दर्ज हों और घर तोड़े जाएं, लेकिन अब ऐसा नहीं होने वाला. उन्होंने कहा कि सड़क नमाज पढ़ने के लिए पाक जगह नहीं होती, क्योंकि वहां लोग लगातार आते-जाते हैं और कई तरह की गतिविधियां होती रहती हैं.
मौलाना साजिद रशीदी ने कहा कि मुसलमानों को बदलते समय के साथ समझदारी दिखानी होगी. उन्होंने कहा कि पहले हालात अलग थे, लेकिन अब कानून-व्यवस्था का तरीका बदल चुका है. उनके मुताबिक, पहले कोई अपराध करके निकल जाता था तो थाने पर फोन पहुंच जाता था, लेकिन अब सीधे एनकाउंटर हो रहा है, घरों पर बुलडोजर चल रहे हैं. उन्होंने मुस्लिम समाज से भावनाओं में बहने के बजाय शिक्षा और जागरूकता पर ध्यान देने की अपील की.
उन्होंने कहा कि आज के दौर में मुसलमानों को अपने बच्चों को पढ़ाना चाहिए और कानून के दायरे में रहकर अपनी बात रखनी चाहिए. धार्मिक कार्यक्रमों और नमाज के लिए मस्जिदों, ईदगाहों और निर्धारित स्थानों का इस्तेमाल किया जाना चाहिए ताकि किसी प्रकार का विवाद पैदा न हो.
मौलाना के इस बयान को लेकर राजनीतिक और सामाजिक हलकों में चर्चा तेज हो गई है. कुछ लोग इसे व्यावहारिक और समय के अनुसार दिया गया बयान बता रहे हैं, जबकि कुछ संगठनों ने इस पर आपत्ति भी जताई है. सोशल मीडिया पर भी उनका वीडियो तेजी से वायरल हो रहा है और लोग अलग-अलग प्रतिक्रियाएं दे रहे हैं.