पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड (PCB) के प्रमुख मोहसिन नकवी ने हाल ही में यह स्पष्ट किया है कि पाकिस्तान चैंपियन्स ट्रॉफी के आयोजन के लिए हाइब्रिड मॉडल का उपयोग नहीं करेगा. इससे पहले ऐसी अटकलें थीं कि भारत में चैंपियन्स ट्रॉफी के मैचों के आयोजन के लिए हाइब्रिड मॉडल अपनाया जा सकता है, लेकिन अब मोहसिन नकवी ने इन अटकलों को खारिज कर दिया है.
मोहसिन नकवी ने पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड के एक वीडियो में कहा, "हमारा सबसे बड़ा उद्देश्य पाकिस्तान का सम्मान और गर्व है. हम चैंपियन्स ट्रॉफी का आयोजन सिर्फ पाकिस्तान में ही करेंगे; हाइब्रिड मॉडल को स्वीकार नहीं किया जाएगा. यदि भारत को इस संबंध में कोई समस्या है, तो वह हमसे बातचीत कर सकता है और हम समाधान निकालेंगे."
उनका यह भी कहना था, "हम इस बात पर अडिग हैं कि हाइब्रिड मॉडल को नहीं अपनाया जाएगा. हम ICC से जल्दी ही चैंपियन्स ट्रॉफी का शेड्यूल जारी करने का इंतजार कर रहे हैं. चूंकि ICC एक अंतरराष्ट्रीय संगठन है और इसकी वैश्विक क्रिकेट समुदाय में विश्वसनीयता है, इसलिए उन्हें इस मामले में सही निर्णय लेना चाहिए. हमे अब तक कोई रद्दीकरण नोटिस नहीं मिला है, लेकिन शेड्यूल को पुनः संशोधित किया जा रहा है. सभी टीमें जो चैंपियन्स ट्रॉफी में खेलेंगी, पूरी तरह से तैयार हैं."
मोहसिन नकवी ने इस बात पर भी जोर दिया कि खेल और राजनीति के बीच कोई टकराव नहीं होना चाहिए. उन्होंने कहा, "मैं अभी भी मानता हूं कि खेल और राजनीति को एक-दूसरे से अलग रखा जाना चाहिए."
पाकिस्तान द्वारा 2023 एशिया कप की मेज़बानी करने के बाद, भारत ने हाइब्रिड मॉडल की मांग की थी, जिसके तहत भारत के मैच श्रीलंका में खेले गए थे. अब चैंपियन्स ट्रॉफी के लिए पाकिस्तान की मेज़बानी पर यह सवाल उठ रहा है कि भारत के मैच कहाँ खेले जाएंगे. मोहसिन नकवी का बयान यह दर्शाता है कि पाकिस्तान अपने आयोजन स्थल पर कोई समझौता नहीं करेगा और अपने देश में ही टूर्नामेंट आयोजित करेगा.
अंत में, यह देखना दिलचस्प होगा कि भारत और पाकिस्तान के बीच क्रिकेट संबंधों के इस नए मोर्चे पर क्या परिणाम निकलते हैं.