श्रीलंकाई क्रिकेट में हाल ही में एक बड़ा बदलाव आया है. सनथ जयसूर्या को जुलाई में अस्थायी कोच के रूप में नियुक्त किया गया था, और उनके आने के बाद से टीम ने जबरदस्त प्रदर्शन किया है. सबसे पहले जयसूर्या की कोचिंग में श्रीलंका ने 27 सालों के बाद भारत के खिलाफ 2-0 से वनडे सीरीज जीती. इसके बाद, उन्होंने इंग्लैंड में एक टेस्ट मैच जीतकर 10 साल बाद टेस्ट सीरीज में भी सफलता प्राप्त की. अब श्रीलंकाई टीम ने न्यूज़ीलैंड के खिलाफ 2-0 से टेस्ट सीरीज भी जीत लिया. इन सभी जीतों के साथ कहा जा सकता है जयसूर्या का तीन महीने का कार्यकाल बेहद सफल रहा है.
श्रीलंकाई क्रिकेट टीम पिछले कुछ सालों से लगातार अच्छे प्रदर्शन में कमी का सामना कर रही थी. 2024 के टी20 विश्व कप में भी टीम ग्रुप स्टेज से ही बाहर हो गई थी. इसके बाद, मुख्य कोच क्रिस सिल्वरवुड और कंसल्टिंग कोच महेला जयवर्धने ने भी टीम छोड़ी. ऐसे में, जुलाई में सनथ जयसूर्या को अस्थायी कोच के रूप में नियुक्त किया गया.
जयसूर्या के आने के बाद टीम का प्रदर्शन तेजी से सुधरा. हालांकि, टी20 सीरीज में भारत के खिलाफ टीम हार गई, लेकिन उन्होंने पहले भारत के खिलाफ वनडे और अब न्यूजीलैंड के खिलाफ टेस्ट सीरीज में दमदार प्रदर्शन किया. अब खबर आ रही है जयसूर्या के कॉन्ट्रैक्ट को एक साल के लिए बढ़ा दिया गया है और उन्हें अब मुख्य कोच बना दिया गया है. श्रीलंका क्रिकेट बोर्ड ने खिलाड़ियों की राय को भी ध्यान में रखा है, जिसमें वरिष्ठ खिलाड़ी एंजेलो मैथ्यूज ने जयसूर्या की सराहना की है. उन्होंने कहा कि, जयसूर्या की नियुक्ति से एक नई दिशा मिली है.
गौरतलब हो गाले टेस्ट में श्रीलंका ने एक पारी और 154 रन से जीत हासिल की. जयसूर्या के नेतृत्व में श्रीलंका ने पिछले 15 सालों में न्यूज़ीलैंड के खिलाफ पहली बार जीत हासिल की. जयसूर्या का अनुभव और रणनीति टीम के लिए एक नई उम्मीद लेकर आई है. अब सभी की नजरें अगले सीजन पर हैं, जहां जयसूर्या के नेतृत्व में श्रीलंका और भी ऊंचाइयों को छू सकता है.