दिल्ली: आम आदमी पार्टी के नेता और दिल्ली के पूर्व जल मंत्री सत्येंद्र जैन को दिल्ली जल बोर्ड (DJB) के एसटीपी भ्रष्टाचार मामले में बड़ा झटका लगा है. दिल्ली की एक अदालत ने उन्हें और चार अन्य आरोपियों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया है. एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बुधवार को सत्येंद्र जैन समेत अन्य आरोपियों को अदालत में पेश किया.
स्पेशल जज दिग विनय सिंह की अदालत ने जैन, डीजेबी के पूर्व मुख्य कार्यकारी अधिकारी उदित प्रकाश राय और तीन अन्य को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजने का आदेश दिया. वहीं, एक अन्य आरोपी और डीजेबी कर्मचारी अंकित श्रीवास्तव को दो दिन के लिए एसीबी की हिरासत में भेजा गया. अदालत ने जैन की जमानत याचिका पर एसीबी को नोटिस भी जारी किया.
सुनवाई के दौरान जैन के वकील ने दावा किया कि गिरफ्तारी को उचित ठहराने के लिए एसीबी के पास कोई ठोस सामग्री नहीं है. उन्होंने कहा कि 10 मई 2024 को प्राथमिकी दर्ज होने के काफी समय बाद उनके मुवक्किल को पहली बार 5 अगस्त 2026 को पूछताछ के लिए बुलाया गया और फिर मंगलवार को गिरफ्तार कर लिया गया. उदित प्रकाश राय (जो वर्तमान में मिजोरम सरकार में सचिव हैं) के वकील ने भी गिरफ्तारी को चुनौती दी.
यह मामला 11 मई 2024 को दिल्ली सरकार के विजिलेंस डायरेक्टोरेट की शिकायत पर दर्ज किया गया था. शिकायत में दिल्ली जल बोर्ड के एसटीपी को बढ़ाने और अपग्रेड करने की टेंडर प्रक्रिया में बड़े पैमाने पर कथित भ्रष्टाचार का आरोप लगाया गया था.
जांच में पाया गया कि टेंडर में ऐसी तकनीकी शर्तें शामिल थीं जिनसे कथित तौर पर एक खास टेक्नोलॉजी प्रोवाइडर ‘यूरोटेक एनवायरनमेंट’ को फायदा पहुंचाया गया. अदालत के इस फैसले के बाद सत्येंद्र जैन एक बार फिर जेल पहुंच गए हैं. अपडेट जारी हैं.