झांसी : उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में अतीक अहमद के सबसे छोटे बेटे अबान अहमद के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए उसके दोनों बड़े भाई अली अहमद और उमर अहमद को जेल से बाहर निकाला गया है. करीब तीन साल बाद यह पहला मौका है, जब दोनों भाइयों को जेल से बाहर आने की अनुमति मिली है. अबान की सड़क हादसे में मौत के बाद परिवार के लिए यह बेहद भावुक मौका है.
झांसी जेल में बंद अली अहमद को कड़ी सुरक्षा के बीच प्रयागराज लाया जा रहा है. उसे लेकर करीब 30 पुलिसकर्मियों की टीम रवाना हुई है.
अली को पुलिस वैन में ले जाया जा रहा है, जबकि सीओ समेत पुलिस अधिकारी दो गाड़ियों से वैन के पीछे चल रहे हैं. पूरे रूट पर सुरक्षा को लेकर विशेष तैयारी की गई है. अली की वैन जिस-जिस थाना क्षेत्र से होकर गुजरेगी, वहां की स्थानीय पुलिस को भी अलर्ट किया गया है. संबंधित थानों की पुलिस जरूरत के मुताबिक वैन को एस्कॉर्ट करेगी. पुलिस ने रास्ते में सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने और किसी भी तरह की अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए पहले से तैयारी की है.
वहीं, दूसरा भाई उमर अहमद भी लखनऊ से प्रयागराज के लिए रवाना हुआ है. दोनों भाइयों को अबान के अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए सीमित समय की अनुमति दी गई है. बताया गया है कि वे करीब एक घंटे तक अपने छोटे भाई और परिवार की बुआ के साथ रह सकेंगे.
अबान अहमद की हाल में झांसी में हुए सड़क हादसे में मौत हो गई थी. हादसे के बाद उसके शव को प्रयागराज लाया गया, जहां कसारी-मसारी कब्रिस्तान में अंतिम संस्कार की तैयारी की गई है. अबान के अंतिम संस्कार के दौरान सुरक्षा व्यवस्था भी कड़ी रखी जाएगी. पुलिस की निगरानी में दोनों भाई अंतिम संस्कार की रस्मों में शामिल होंगे और तय समय के बाद उन्हें वापस जेल ले जाया जाएगा.