नई दिल्ली : पाकिस्तान के सिंध प्रांत के कराची में बैंक के बाहर हुई लूटपाट की वारदात में 28 वर्षीय हिंदू डॉक्टर आकाश चंद की गोली लगने से मौत हो गई. यह घटना कराची के पॉश क्लिफ्टन इलाके के टीन तलवार चौराहे के पास हुई, जिसने पाकिस्तान में कानून-व्यवस्था और अल्पसंख्यकों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर सवाल खड़े कर दिए हैं.
पुलिस के अनुसार, डॉक्टर आकाश अपने पिता और चचेरे भाई के साथ एक निजी बैंक से 50 लाख पाकिस्तानी रुपये निकालकर दूसरे बैंक में जमा कराने जा रहे थे. उनके पास 25-25 लाख रुपये के दो पैकेट थे. इसी दौरान मोटरसाइकिल सवार चार बदमाशों ने उनकी कार को रोककर लूटपाट की कोशिश की. बैंक के सुरक्षा गार्ड और बदमाशों के बीच गोलीबारी हुई, जिसमें डॉक्टर आकाश के सीने में गोली लगी और उनकी मौत हो गई. बदमाश 25 लाख रुपये से भरा एक बैग लेकर फरार हो गए. शुरुआती जांच में पुलिस को संदेह है कि डॉक्टर को लगी गोली सुरक्षा गार्ड की हो सकती है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि फॉरेंसिक जांच के बाद ही होगी.
डॉ. आकाश पिछले दो वर्षों से कराची के जिन्ना पोस्टग्रेजुएट मेडिकल सेंटर (JPMC) में सेवाएं दे रहे थे और हाल ही में मेडिकल ऑफिसर के रूप में उनका चयन हुआ था. घटना के बाद परिवार ने आरोपियों की गिरफ्तारी तक अंतिम संस्कार न करने की घोषणा की और शव के साथ विरोध प्रदर्शन भी किया. हालांकि बाद की रिपोर्टों के अनुसार, परिवार ने अंतिम संस्कार कर दिया है, जबकि पुलिस ने जांच आगे बढ़ाते हुए कई संदिग्धों को हिरासत में लिया है.