नई दिल्ली: राजस्थान के बीकानेर जिले में 17 वर्षीय पावर-लिफ्टर और जूनियर नेशनल गेम्स की गोल्ड मेडल विजेता यष्टिका आचार्य की मौत हो गई. प्रशिक्षण के दौरान उसकी गर्दन पर 270 किलोग्राम की रॉड गिर गई थी. नया शहर के एसएचओ विक्रम तिवारी ने पुष्टि की है कि 270 किलोग्राम की रॉड उसकी गर्दन पर गिर जाने के कारण उसकी गर्दन टूट गई थी.
एसएचओ ने जानकारी दी है कि परिजनों ने घटना के संबंध में कोई शिकायत दर्ज नहीं कराई. इसी बीच पुलिस अधिकारियों ने पोस्टमार्टम कराने के बाद जांच पूरी की और बुधवार को शव को उनके परिजनों को सौंप दिया. बता दे ंकि पावरलिफ्टिं, एक गैर-ओलंपिक शक्ति खेल है, जिसमें तीन अलग-अलग लिफ्ट स्क्वाट, बेंच प्रेस और डेडलिफ्ट शामिल हैं. इसमें प्रतिभागियों को प्रत्येक के लिए अधिकतम वजन पर तीन प्रयास मिलते हैं.
हालांकि इसमें मौत हो जाने की बात दुर्लभ हैं. इससे पहले ऑस्ट्रेलियाई क्रिकेटर फिलिप ह्यूजेस ने 2014 में सिडनी क्रिकेट ग्राउंड में शेफील्ड शील्ड मैच के दौरान सीन एबॉट के बाउंसर से अपनी जान गंवा दी थी. ऑस्ट्रेलियाई टीम के डॉक्टर पीटर ब्रुकनर बताते हैं इससे पहले 100 ऐसे मामले दर्ज किए गए हैं.