अलीगढ़ : उत्तर प्रदेश के अलीगढ़ में एक अंतरधार्मिक विवाह के बाद मुस्लिम युवती ने अपने परिवार से जान का खतरा बताते हुए पुलिस से सुरक्षा की गुहार लगाई है. सामने आई जानकारी के मुताबिक, युवती का मायका अलीगढ़ के सासनी गेट थाना क्षेत्र के भुजपुरा में है, जबकि शादी के बाद उसका ससुराल महुआखेड़ा थाना क्षेत्र के भोपतपुर गडराना में बताया जा रहा है.
युवती का कहना है कि उसके परिजन उसकी शादी उसकी पसंद के युवक से नहीं, बल्कि एक अधेड़ व्यक्ति से कराना चाहते थे. परिवार की इस इच्छा से असहमति के बाद उसने अपनी पसंद के हिंदू युवक के साथ घर से निकलकर शादी करने का फैसला लिया. इसके बाद दोनों गौतम बुद्ध नगर पहुंचे, जहां आर्य समाज मंदिर में हिंदू रीति-रिवाज से विवाह किया. शादी के बाद युवती ने अपने परिवार की ओर से खतरा होने की आशंका जताई है और अलीगढ़ के SSP से सुरक्षा की मांग की है.
यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि दोनों अलग-अलग धर्मों से ताल्लुक रखते हैं और युवती ने परिवार की कथित असहमति के बावजूद अपनी पसंद से विवाह करने का दावा किया है. हालांकि, युवती की उम्र, विवाह से जुड़े दस्तावेज और उसके धर्म परिवर्तन की कानूनी स्थिति जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं की आधिकारिक जानकारी पुलिस स्तर से सामने आना बाकी है.
ऐसे मामलों में पुलिस के सामने सबसे अहम जिम्मेदारी दोनों की सुरक्षा और पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की होती है. इलाहाबाद हाईकोर्ट भी अपने एक फैसले में कह चुका है कि अगर बालिग युवक-युवती अपनी इच्छा से साथ रहने या विवाह करने का दावा करते हैं और उन्हें खतरा है, तो पुलिस को उनकी जान और स्वतंत्रता की सुरक्षा सुनिश्चित करनी चाहिए.