नई दिल्ली: दिल्ली की एक अदालत ने शुक्रवार को पूर्व आप पार्षद ताहिर हुसैन समेत 2020 के उत्तर-पूर्वी दिल्ली दंगों में इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) कर्मचारी अंकित शर्मा की हत्या के मामले में दोषी ठहराए गए सभी आरोपियों को उम्रकैद की सजा सुनाई है. सजा सुनाते हुए अदालत ने इस अपराध को बहुत गंभीर घटना बताया. जज ने कहा कि इस अपराध ने समाज को हिला दिया था और पूरी घटना के अंजाम पर लोगों को आत्मचिंतन करने पर मजबूर कर दिया.
अदालत ने माना कि अपराध की प्रकृति गंभीर है, इसलिए सभी दोषियों को आजीवन कारावास की सजा उचित है. अंकित शर्मा की हत्या फरवरी 2020 में उत्तर-पूर्वी दिल्ली में हुए सांप्रदायिक हिंसा के दौरान हुई थी. 26 वर्षीय IB कर्मचारी का शव नाले से बरामद हुआ था.
यह दंगों से जुड़े सबसे हाई-प्रोफाइल मामलों में से एक रहा. अभियोजन पक्ष का आरोप था कि शर्मा पर हिंसक भीड़ ने हमला कर हत्या कर दी. ताहिर हुसैन ने मुकदमे के दौरान आरोपों से इनकार किया था. सजा के आदेश के साथ मामले में दोषी ठहराए गए सभी लोग उम्रकैद की सजा भुगतेंगे. विस्तृत सजा आदेश अभी बाकी है.