• हैल्लो, वैभव सूर्यवंशी, सीएम साहब बात करेंगे, जब शतकवीर वैभव को आई CM नीतीश की कॉल
• पहले बधाई, फिर बड़ा ऐलान, 3 तस्वीरों ने बता दिया, बिहार में क्रिकेटर्स की कैसे बदलेगी तकदीर
• बिहार में बन रहा पहला इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम, पटना नहीं इस शहर में पहुंचेंगे कोहली-रोहित!

Vaibhav Suryavanshi Nitish Kumar: ये तस्वीरें हैं, बिहार की राजधानी पटना की, साल था 2024 का, 1 अणे मार्ग, मुख्यमंत्री आवास पर एक 13 साल का खिलाड़ी सीएम से मुलाकात करने पहुंचता है, उसके साथ उसके पिता भी होते हैं, सीएम नीतीश मिलते ही उसे सम्मानित करते हैं, और एक भविष्यवाणी करते हैं, जिसकी जानकारी उन्होंने एक साल बाद तब दी है, जब वैभव ने 35 गेंदों में शतक जड़कर नया रिकॉर्ड बना दिया.

पहली तस्वीर में सीएम नीतीश वैभव को एक सम्मान पत्र देते नजर आ रहे हैं, उनके साथ डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी, विजय सिन्हा और तमाम दिग्गज मौजूद हैं, जबकि दूसरी तस्वीर में सीएम नीतीश इस युवा सनसनी को शॉल भेंट करते नजर आ रहे हैं, और तीसरी तस्वीर उस पिता की है, जिन्होंने वैभव को इस मुकाम तक पहुंचाया, वो सीएम के भेंट किए शॉल को लेकर बैठे हैं.

आज इस सफलता पर अगर कोई सबसे ज्यादा गदगद होगा तो वो वैभव के माता-पिता ही होंगे. नीतीश कुमार ने वैभव को 10 लाख रुपये की सम्मान राशि देने का ऐलान किया है. साथ ही ये भी कहा है कि वैभव से फोन पर बात कर हमने बधाई दी है. लेकिन इसी के साथ बिहार के क्रिकेटर्स के लिए एक अच्छी ख़बर भी सामने आई है, जिस बिहार में कभी क्रिकेट खेलने के लिए खिलाड़ियों को संघर्ष करना पड़ता था.
पटना के रहने वाले ईशान किशन जैसे सितारे तो वहां से निकले लेकिन रणजी उन्होंने झारखंड के लिए खेली, कभी बिहार-झारखंड जब एक हुआ करता था, तब धोनी जैसे सितारे क्रिकेट की दुनिया में कदम रख रहे थे, लेकिन संघर्ष बड़ा था, नतीजा झारखंड से खेले, वहां के क्रिकेट बोर्ड में कई तरीके की सियासत की ख़बरें भी आईं, लेकिन अब नीतीश सरकार युवा खिलाड़ियों की प्रतिभा को न सिर्फ निखारने का प्लान बना रही है, बल्कि बिहार को पहला इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम भी मिलने जा रहा है.
कहा जा रहा है जब ये स्टेडियम बनकर तैयार हो जाएगा, तब टीम इंडिया भी यहां आएगी और रोहित-विराट जैसे खिलाड़ी भी पहली बार बिहार में क्रिकेट खेलते नजर आ सकते हैं. हालांकि इसमें अभी वक्त लगेगा, लेकिन वैभव जिस हिसाब से आईपीएल में अपना प्रदर्शन दिखा रहे हैं, उसे देखते हुए इस बात में कोई शक नहीं है कि जब वो टीम इंडिया में एंट्री लें तो उनका पहला मैच शायद बिहार के इंटरनेशनल स्टेडियम में ही हो, और बिहार के लाल का कमाल एक बार फिर पूरी दुनिया देखें.
ये तो भविष्य की बातें हैं कि किसे कब कहां जगह मिलेगी, मुख्यमंत्री से लेकर आम जनता तक को ये उम्मीद है कि समस्तीपुर जिले के ताजपुर गांव से निकला लड़का एक दिन पूरे बिहार और देश के सिर का ताज बनेगा. छक्के-चौक्के बरसाने की जो कला वैभव के पास है, वो दर्शकों को ही नहीं बल्कि बड़े-बड़े दिग्गजों को अपना मुरीद कर रही है.