काठमांडू: नेपाल के सुनसरी जिले में शुरू हुई सांप्रदायिक हिंसा अब देश के अन्य हिस्सों में फैल गई है. चार दिनों की हिंसा में कम से कम तीन लोगों की मौत हो गई है, जबकि दर्जनों घायल हुए हैं. हिंसा की शुरुआत सुनसरी के देवनगंज क्षेत्र में दो समुदायों के बीच झड़प से हुई, जो अब मधेश प्रदेश के धनुषा और सिराहा जिलों तक पहुंच गई है. स्थानीय प्रशासन ने इनारुवा, जनकपुर, सिराहा, गोल बाजार, लहान और अन्य संवेदनशील इलाकों में कर्फ्यू लगा दिया है.
हिंसा का रूप
सरकार की कार्रवाई
प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल की बैठक बुलाई. गृह मंत्री सुदान गुरुंग और स्वास्थ्य मंत्री निशा मेहता प्रभावित क्षेत्रों का दौरा करेंगे. नेपाल आर्मी, आर्म्ड पुलिस फोर्स और पुलिस को बड़े पैमाने पर तैनात किया गया है. हेलीकॉप्टर से निगरानी भी की जा रही है.
पूर्व राजा ज्ञानेन्द्र शाह ने बयान जारी कर सांप्रदायिक सद्भाव की अपील की और कहा कि नेपाल की बहुलता और सद्भाव को बनाए रखना जरूरी है.
सरकार ने हिंसा भड़काने वालों की पहचान कर कानूनी कार्रवाई का वादा किया है. यह घटना नेपाल में सांप्रदायिक तनाव की गंभीर स्थिति को उजागर करती है, जहां सामान्य जीवन पूरी तरह प्रभावित हो गया है. बाजार बंद, यातायात ठप और स्कूल-कॉलेज बंद हैं.