भुवनेश्वर/गुवाहाटी: NEET पेपर लीक विवाद अब NDA परिवारों तक पहुंच गया है. दो प्रमुख NDA नेताओं की बेटियों ने खुलकर छात्र प्रदर्शनकारियों का साथ दिया, जिससे भाजपा और सहयोगी दलों में हड़कंप मच गया है. असम के राजस्व एवं आपदा प्रबंधन मंत्री तथा एजीपी नेता केशब महंत की बेटी दिबिसा महंत पर विवाद छा गया.
आरोप है कि उन्होंने गुवाहाटी में छात्र प्रदर्शन में हिस्सा लिया, केंद्र सरकार की आलोचना की और पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग की. वीडियो में उन्हें पुलिस कार्रवाई का विरोध करते भी देखा गया. असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने अपने सहयोगी का बचाव करते हुए कहा, "माता-पिता अपने वयस्क बच्चों के विचारों या कार्यों के लिए जिम्मेदार नहीं हो सकते. आजकल बच्चे माता-पिता की नहीं सुनते." उन्होंने कहा कि दिबिसा के प्रधानमंत्री के खिलाफ कथित बयान गलत थे, लेकिन उनके पिता को परेशान नहीं किया जाना चाहिए.
ओडिशा में भी बेटी का पोस्ट वायरल
ओडिशा की भुवनेश्वर BJP सांसद अपराजिता सारंगी की बेटी अर्चिता सचिन राहर ने इंस्टाग्राम पर प्रधान के इस्तीफे का स्वागत करते हुए पोस्ट किया. बाद में उन्होंने लिखा, "BJP में मेरे रिश्तेदार सहित सभी धर्मेंद्र प्रधान के साथ हैं, लेकिन मैं छात्रों के साथ हूं. यही लोकतंत्र है."
अपराजिता सारंगी के कार्यालय ने बेटी के बयान का बचाव किया और कहा कि हर किसी को अपनी राय रखने का अधिकार है. ओडिशा BJP के महासचिव ने भी इसे व्यक्तिगत राय बताया और पार्टी में किसी असंतोष से इनकार किया. यह घटनाक्रम NEET पेपर लीक के मुद्दे पर NDA खेमे में बढ़ती असहजता को दिखाता है, जहां परिवार के सदस्य भी सरकार की नीतियों से असहमति जता रहे हैं.