नई दिल्ली: दिल्ली कोर्ट में वर्चुअल सुनवाई के दौरान एक चौंकाने वाला मामला मामला सामने आया है, जहां एक अपराधी अंडरवियर में ही कोर्ट की कार्यवाही में शामिल हो गया. इतना ही नहीं शख्स सिगरेट का काश भी लगा रहा था और शराब भी पी रहा था. पुलिस ने अदालती कार्यवाही में बाधा डालने के आरोप में अपराधी को गिरफ्तार कर लिया है. 32 वर्षीय शख्स का नाम मोहम्मद इमरान बताया जा रहा है, जो तीस हजारी कोर्ट में वर्चुअल सुनवाई के दौरान पेश हुआ था.
दिल्ली पुलिस ने इमरान को पुराने मुस्तफाबाद से गिरफ्तार कर लिया है. कोर्ट के एक स्टाफ मेंबर (अहलमद) ने शिकायत की, जिसके बाद केस दर्ज हुआ. उन्होंने बताया कि 16 और 17 सितंबर को एक शख्स बार-बार वीडियो कॉन्फ्रेंस से कोर्ट की सुनवाई में शामिल हो रहा था, लेकिन फर्जी नाम अकीब अखलाक से. वो शख्स सिगरेट पीता हुआ, शराब पीता हुआ दिखा और कोर्ट वालों की कई चेतावनियों के बावजूद सेशन से बाहर नहीं गया.
उत्तर जिले के डिप्टी कमिश्नर ऑफ पुलिस (डीसीपी) राजा बांठिया ने कहा कि पुलिस ने टेक्निकल जांच की, जिसमें आईपी एड्रेस और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स चेक किए. लेकिन आरोपी ने फर्जी ईमेल इस्तेमाल किए थे और जगह-जगह बदलता रहता था, जिससे तलाश मुश्किल हो गई." आखिरकार, मैनुअल चेक और लोकल खुफिया जानकारी की मदद से हम उसे पुराने मुस्तफाबाद के चमन पार्क में ढूंढ निकाले."
इमरान एक पुराना अपराधी है, उसके खिलाफ दिल्ली के अलग-अलग थानों में लूट, छिनतई और गैरकानूनी हथियार रखने के 50 से ज्यादा केस दर्ज हैं. वो अभी कई मुकदमों में ट्रायल के बीच है. पूछताछ में इमरान ने माना कि वो उन तारीखों में कोर्ट के वीडियो सेशन में शामिल हुआ था. पुलिस के मुताबिक, उसने बताया कि कोर्ट के बाहर किसी ने उसे वीडियो कॉन्फ्रेंस ऐप के बारे में बताया था और कोर्ट का मीटिंग आईडी शेयर की थी.
उसने कहा, वो नियमित रूप से वर्चुअल सुनवाई में शामिल होने लगा. अपराध के लिए इस्तेमाल किए गए उसके डिवाइस जब्त कर लिए गए हैं. पुलिस ने बताया कि इमरान पहले मैकेनिक का काम करता था, लेकिन ड्रग्स और शराब की लत के चलते अपराध की राह पर आ गया. अपनी आदतें चलाने और जल्दी पैसे कमाने के लिए वो लूटपाट करने लगा. हालांकि सितंबर 2021 में जेल से रिहा हुआ, लेकिन जल्द ही पुराने धंधे में लौट गया.