आंध्र प्रदेश के गुडीवाड़ा में एक निजी इंजीनियरिंग कॉलेज के छात्रों ने लड़कियों के हॉस्टल के शौचालयों में जासूसी कैमरे पाए जाने के बाद विरोध-प्रदर्शन किया. वीडियो बेचने का आरोप एक अंतिम वर्ष के बीटेक छात्र और अन्य पर लगाया गया है. शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने आरोपी के लैपटॉप और सेलफोन को जब्त कर लिया है, लेकिन पूरे इलाके में स्थिति तनावपूर्ण है.
विरोध प्रदर्शन की शुरुआत इस आरोप से हुई कि एक अंतिम वर्ष का बीटेक छात्र एक अन्य छात्र की सहायता से छिपे हुए कैमरों द्वारा कैद किए गए सैकड़ों वीडियो बेच रहा था. प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने न्याय की मांग की है. इस दौरान छात्रों ने 'हमें न्याय चाहिए' के नारे लगाकर और अपने मोबाइल फोन पर टॉर्चलाइट का उपयोग करके अपना आक्रोश व्यक्त किया.
सूत्रों के अनुसार, विजय नामक एक अंतिम वर्ष के बीटेक छात्र पर वीडियो बेचने का आरोप लगाया था. जवाब में, कुछ छात्रों ने उस पर हमला करने का प्रयास किया. सूचना मिलने के बाद छात्रावास पहुंची पुलिस ने जूनियर और सीनियर दोनों छात्रों को नियंत्रित किया और आरोपी विजय से पूछताछ की. इंजीनियरिंग कॉलेज में तनावपूर्ण स्थिति सुबह साढ़े तीन बजे तक बनी रही.
मीडिया रिपोर्ट से जानकारी मिली है कि गर्ल्स छात्रावास के शौचालय से 300 से अधिक फोटो और वीडियो लीक हुए हैं, जिसे कॉलेज के ही कुछ छात्रों ने खरीदी है. पुलिस सभी से पूछताछ कर रही है. वहीं इस घटना के बाद गर्ल्स हॉस्टल की छात्राएं डरी हुई हैं. अधिकारियों ने कहा कि किसी भी आरोपी को बख्शा नहीं जाएगा, जिम्मेदारों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी.
पूर्व पुलिस अधिकारी वीवी लक्ष्मी नारायण ने कहा कि गुडलावलेरु इंजीनियरिंग कॉलेज में महिला छात्रावास में केमरे लगाने की घटना बेहद निंदनीय है. ऐसे कृत्य करने वाले आरोपी के खिलाफ सख्त कार्रवाई होनी चाहिए. उन्होंने उत्तर प्रदेश का उदाहरण देते हुए कहा है कि यूपी के कानून की तरह सोशल मीडिया और डिजिटल प्लेटफॉर्म को लेकर कानूनों की आवश्यक्ता है, ताकि आरोपियों को जल्द दंजित किया जा सके.