जींद: किसानों के प्रस्तावित दिल्ली मार्च को लेकर हरियाणा प्रशासन और पुलिस पूरी तरह अलर्ट मोड में आ गए हैं. खनौरी-दाता सिंहवाला बॉर्डर को सील कर दिया गया है. नरवाना नहर पुल से लेकर सीमा क्षेत्र तक भारी पुलिस बल तैनात किया गया है. कंक्रीट के मजबूत बैरिकेड्स, वाटर कैनन और वज्र वाहन भी मौके पर रखे गए हैं.
किसान नेता जगजीत सिंह डल्लेवाल के नेतृत्व में गैर-एसकेएम किसान संगठन 16 अगस्त से ‘किसान बचाओ पदयात्रा’ शुरू करने वाले हैं. यह करीब 228 किलोमीटर लंबा पैदल मार्च दाता सिंहवाला से शुरू होकर 29 अगस्त को दिल्ली के जंतर-मंतर पहुंचने का लक्ष्य रखता है. इसमें 51 मुख्य किसान शामिल होंगे, जबकि करीब 200 अन्य किसान भी उनके साथ पैदल चलेंगे.
यह यात्रा आंदोलन के दौरान जान गंवाने वाले किसान शुभकरण की स्मृति में निकाली जा रही है. किसान लंबित मांगों के साथ-साथ भारत-अमेरिका ट्रेड डील को रद्द करने जैसे मुद्दों को भी उठाएंगे. प्रशासन ने पहले से ही सुरक्षा व्यवस्था मजबूत कर ली है.
बॉर्डर क्षेत्र और आसपास के रास्तों पर निगरानी बढ़ा दी गई है. पुलिस कर्मियों को किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के निर्देश दिए गए हैं. अब सबकी नजर इस बात पर है कि प्रस्तावित पैदल मार्च के दौरान किसानों और प्रशासन के बीच स्थिति कैसी रहती है.