बेंगलुरु: कर्नाटक में कांग्रेस सरकार के मंत्रिमंडल विस्तार से पहले पार्टी को बड़ा झटका लगा है. दो कांग्रेस विधायकों ने सोमवार को विधानसभा से इस्तीफा दे दिया. दोनों विधायक मंत्री पद न मिलने से नाराज हैं. इंडी विधायक यशवंतरायगौड़ा वी. पाटिल और सागर विधायक बेलूर गोपालकृष्ण ने इस्तीफा सौंपा. पाटिल ने डिप्टी स्पीकर रुद्रप्पा लमानी को अपना त्यागपत्र दिया.
उनके समर्थकों ने बेंगलुरु में विरोध प्रदर्शन भी किया. पाटिल ने कहा कि सुबह तक उनका नाम सूची में था और उन्हें सूचना भी मिली थी, लेकिन अंतिम सूची में नाम नहीं था. उन्होंने आरोप लगाया कि पार्टी नेतृत्व ने वादा निभाने में नाकामी दिखाई. उन्होंने कहा, “मैं पार्टी नहीं छोड़ रहा, लेकिन हालात ऐसे बना दिए गए कि इस्तीफा देना मजबूरी हो गया. विजयपुरा जिले में वफादारी और ईमानदारी की कोई कीमत नहीं.”
उन्होंने बताया कि 2023 के चुनाव से पहले भी मंत्री पद का वादा किया गया था, फिर 2.5 साल बाद का आश्वासन दिया गया, लेकिन वह भी पूरा नहीं हुआ. कांग्रेस सरकार में 20 नए मंत्रियों को शपथ दिलाई जानी है. यह विस्तार डीके शिवकुमार के मुख्यमंत्री बनने के करीब दो महीने बाद हो रहा है. दोनों विधायकों के इस्तीफे से पार्टी के अंदर असंतोष और गहरा होने के आसार हैं.