कोलकाता: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के शहीद दिवस रैली में पार्टी सांसद कल्याण बनर्जी का करीब 23 मिनट लंबा भाषण विवाद का कारण बन गया. ममता बनर्जी के भाषण के दौरान बीच में टोकने और समय सीमा पार करने पर दोनों के बीच तीखी बातचीत हुई, जिसके बाद कल्याण बनर्जी मंच से वॉकआउट कर चले गए.
कल्याण बनर्जी भाषण दे रहे थे, तभी ममता बनर्जी रैली स्थल पर पहुंचीं. उन्होंने कल्याण का स्वागत किया, लेकिन कार्यक्रम का समय बढ़ने लगा. आयोजकों ने कल्याण से भाषण समाप्त करने को कहा, लेकिन वे 22.5 मिनट तक बोलते रहे. ममता बनर्जी के असंतोष जताने पर दोनों के बीच गर्मागर्मी हो गई. कल्याण बनर्जी ने कहा, ''मैंने समय सीमा नहीं तोड़ी... मुझे इस तरह अपमानित होने का हक नहीं है, मैं बहुत आहत हूं.''
कल्याण बनर्जी TMC के उन कुछ वरिष्ठ नेताओं में शामिल हैं जो ममता बनर्जी के साथ बने हुए हैं. उन्होंने भाषण में BJP और टीएमसी के बागी गुट (रितब्रत बनर्जी गुट) पर हमला बोला था. घटना के बाद कई अन्य नेताओं (महुआ मोइत्रा, किर्ति आजाद आदि) को बोलने का मौका नहीं मिल सका.
कल्याण बनर्जी ने बाद में कहा कि वे पार्टी के लिए लड़ रहे हैं, जबकि ममता बनर्जी गुट के सूत्रों ने इसे कार्यक्रम में देरी का कारण बताया. यह घटना TMC में चल रहे आंतरिक तनाव को फिर से उजागर करती है, खासकर बागी गुट के उभरने के बाद.