नई दिल्ली : नेपाल में आई विनाशकारी बाढ़ के बाद नुवाकोट के बेत्रावती बाजार से एक मासूम बच्चे को जीवित बचाए जाने की घटना सामने आई है. पिछले शुक्रवार बच्चे को सुरक्षित निकाला गया था, लेकिन उसके माता-पिता का अब तक कोई पता नहीं चल पाया है. सेना और राहतकर्मियों के सामने बच्चे को बचाने के साथ-साथ उसके परिवार की तलाश की चुनौती भी बनी हुई है. बेत्रावती बाढ़ से बुरी तरह प्रभावित इलाकों में शामिल है और यहां बड़ी संख्या में लोग अब भी अपने लापता परिजनों की तलाश कर रहे हैं.
बच्चे को फिलहाल नुवाकोट में बनाए गए नेपाली सेना के राहत कैंप में रखा गया है. सेना के डॉक्टर उसकी चिकित्सकीय जांच और इलाज कर रहे हैं. सुरक्षाकर्मी उसकी लगातार देखभाल में जुटे हैं, ताकि बाढ़ और परिवार से बिछड़ने के सदमे के बीच उसकी सेहत सुरक्षित रखी जा सके. बच्चे की हालत से जुड़ी सबसे भावुक तस्वीर यह है कि वह बार-बार अपनी मां को याद कर रो रहा है और उन्हें तलाशता नजर आता है.
बेत्रावती और आसपास के इलाकों में राहत एवं बचाव अभियान लगातार जारी है. सेना, सुरक्षाकर्मी और स्थानीय लोग मलबे, नदी किनारे और दुर्गम इलाकों में लापता लोगों की तलाश कर रहे हैं. कई परिवार राहत शिविरों, अस्पतालों और बचाव केंद्रों के चक्कर लगा रहे हैं. कुछ लोग अपनों के जिंदा मिलने की उम्मीद में तलाश कर रहे हैं, जबकि कई परिवार शव मिलने का इंतजार कर रहे हैं.
26 अगस्त को ग्लेशियर टूटने के बाद आई भीषण बाढ़ ने नेपाल के कई इलाकों में भारी तबाही मचाई. नुवाकोट समेत प्रभावित क्षेत्रों में हजारों लोग विस्थापित हुए हैं और बड़ी संख्या में लोग अब भी लापता हैं. सेना ने राहत शिविरों में बच्चों और अन्य प्रभावित लोगों के लिए चिकित्सा व जरूरी सहायता उपलब्ध कराई है.