नई दिल्ली: फ्लाईदुबई विमान हादसे को टालने में अहम भूमिका निभाने वाले भारतीय पायलट कैप्टन स्मित मच्छार के जल्द स्वस्थ होने के लिए देशभर में प्रार्थनाओं का दौर जारी है. गंभीर रूप से घायल कैप्टन मच्छार के लिए काशी विश्वनाथ धाम से लेकर केदारनाथ और सोमनाथ मंदिर तक विशेष पूजा-अर्चना और हवन किए गए.
काशी विश्वनाथ में महामृत्युंजय मंत्र का जाप
वाराणसी के काशी विश्वनाथ धाम में कैप्टन मच्छार के अच्छे स्वास्थ्य और दीर्घायु के लिए विशेष धार्मिक अनुष्ठान किए गए. मंदिर प्रशासन के अनुसार, 21 पुजारियों ने कुशा मिश्रित जल से रुद्राभिषेक किया, जबकि 11 पुजारियों ने उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना के साथ एक लाख महामृत्युंजय मंत्रों का जाप किया.
मंदिर प्रशासन ने कैप्टन मच्छार के साहस, कर्तव्य के प्रति समर्पण और यात्रियों की जान बचाने के प्रयासों को सम्मान देते हुए उनके स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना की. कैप्टन मच्छार के लिए केदारनाथ मंदिर में भी प्रार्थना की गई. वहीं गुजरात के प्रसिद्ध सोमनाथ मंदिर में उनके अच्छे स्वास्थ्य और लंबी उम्र के लिए विशेष पूजा-अर्चना की गई. सोमनाथ मंदिर ट्रस्ट की ओर से उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की गई.
इंदौर के खजराना गणेश मंदिर और दिल्ली के झंडेवालान स्थित 108 फीट हनुमान मंदिर में भी कैप्टन मच्छार के लिए पूजा और हवन का आयोजन किया गया. फ्लाईदुबई की उड़ान FZ1073 में 174 लोग सवार थे. उड़ान के दौरान कॉकपिट में हुई कथित हिंसक घटना में कैप्टन मच्छार गंभीर रूप से घायल हो गए थे.
विमान अचानक तेजी से नीचे आया, जिसके बाद यात्रियों और चालक दल के सदस्यों ने स्थिति संभालने में मदद की. विमान को सऊदी अरब के ताबुक में सुरक्षित उतारा गया. रिपोर्टों के मुताबिक, गंभीर चोट के बावजूद कैप्टन मच्छार कॉकपिट का दरवाजा खोलने में सफल रहे, जिससे यात्रियों और चालक दल के अन्य सदस्यों को अंदर पहुंचकर स्थिति नियंत्रित करने का मौका मिला.
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कैप्टन मच्छार को ‘हीरो’ बताते हुए उनके साहस की प्रशंसा की और उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की. प्रधानमंत्री ने उनके परिवार से भी बात की है. कैप्टन मच्छार फिलहाल सऊदी अरब के अस्पताल में उपचार करा रहे हैं और भारतीय अधिकारियों के मुताबिक उनकी स्थिति स्थिर बताई गई है.
भारतीय दूतावास उनके परिवार के संपर्क में है और उनके स्वास्थ्य पर नजर रख रहा है. एक भारतीय पायलट के साहस के लिए काशी से केदारनाथ और सोमनाथ तक उठी प्रार्थनाओं ने कैप्टन मच्छार के जल्द स्वस्थ होने की देशव्यापी कामना को एक भावनात्मक स्वर दे दिया है.