ग्रेटर नोएडा : उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 में इस बार सिर्फ कारोबार और निवेश ही नहीं, बल्कि यूपी के पारंपरिक स्वाद का भी जबरदस्त जलवा देखने को मिल रहा है. ग्रेटर नोएडा में चल रहे ट्रेड शो में काशी के खानपान ने देशी-विदेशी खरीदारों और आगंतुकों का ध्यान खींचा है. वाराणसी की मशहूर लौंगलता और तिरंगा बर्फी की खूब मांग रही. अकेले लौंगलता की 100 किलो से अधिक बिक्री हो चुकी है. वहीं, जौनपुर की प्रसिद्ध इमरती भी लोगों की पसंद बनी और करीब एक क्विंटल इमरती बिक गई.
यूपीआईटीएस-2026 में वाराणसी की लौंगलता, तिरंगा बर्फी और बनारसी पान से जुड़े चार उद्यमी पहुंचे हैं. लौंगलता कारोबारी चंद्रबली यादव के मुताबिक, लोगों ने लौंगलता के स्वाद को खूब पसंद किया और करीब एक क्विंटल से ज्यादा बिक्री हो चुकी है. बढ़ती मांग को देखते हुए कारोबारियों को आगे नए ऑर्डर मिलने की उम्मीद है.
तिरंगा बर्फी के कारोबारी राजीव सिंह ने बताया कि उन्हें उम्मीद नहीं थी कि ट्रेड शो में उत्पाद को इतनी अच्छी प्रतिक्रिया मिलेगी. देश के अलग-अलग हिस्सों से आए खरीदारों के साथ विदेशी आगंतुक भी पारंपरिक मिठाइयों में दिलचस्पी लेते नजर आए.
जौनपुर की मशहूर इमरती ने भी ट्रेड शो में अपनी अलग पहचान बनाई है. कारोबारी आशीष गुप्ता के अनुसार, अब तक करीब 100 किलो इमरती की बिक्री हो चुकी है और कई बार मांग के मुकाबले स्टॉक कम पड़ गया. उनका कहना है कि ट्रेड शो से नए ग्राहकों और कारोबारियों से संपर्क हुआ है, जिससे आने वाले समय में कारोबार बढ़ने की संभावना है.
चंदौली का काला चावल और इससे तैयार होने वाली खीर भी आगंतुकों को खूब पसंद आ रही है. कारोबारी रामाश्रय कुमार पाल ने बताया कि अब तक करीब 75 किलो काला चावल की बिक्री हुई है. उनके मुताबिक, प्राकृतिक तरीके से तैयार किए जाने वाले इस चावल को लेकर खरीदारों में अच्छी रुचि दिखाई दे रही है.
ट्रेड शो में बनारसी पान का लाइव काउंटर भी आकर्षण का केंद्र बना हुआ है. देशी-विदेशी कारोबारी और आगंतुक यहां बनारसी पान का स्वाद लेते नजर आ रहे हैं. काशी के पारंपरिक खानपान को एक ही मंच पर पेश किए जाने से स्थानीय कारोबारियों को नए बाजार और संभावित खरीदारों से जुड़ने का मौका मिल रहा है.
उपायुक्त उद्योग अभिषेक प्रियदर्शी ने बताया कि इस वर्ष पहली बार यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में एक जनपद-एक व्यंजन के तहत विभिन्न जिलों के पारंपरिक व्यंजनों को मंच दिया गया है. इसके तहत उद्यमियों को निशुल्क काउंटर उपलब्ध कराया गया है. ट्रेड शो में मिली प्रतिक्रिया से स्थानीय उत्पादों को बड़े बाजार तक पहुंचाने और नए कारोबारियों से जुड़ने की राह खुलती दिख रही है.