नई दिल्ली: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार को घोषणा की कि अमेरिका और ईरान के बीच 14 जून (रविवार) को शांति समझौते पर हस्ताक्षर हो जाएंगे. इस डील के तुरंत बाद स्ट्रेट ऑफ होर्मुज को अंतरराष्ट्रीय शिपिंग के लिए खोल दिया जाएगा. ट्रंप ने ट्रुथ सोशल पर लिखा, ''हम ईरान और पूरे मध्य पूर्व के साथ लंबे समय तक काम करने के लिए उत्सुक हैं. उम्मीद है कि यह प्रक्रिया जल्दी, आसानी और सुगमता से पूरी होगी.''
डील की मुख्य बातें
ट्रंप का कहना है कि यह समझौता दोनों देशों के संबंधों में ऐतिहासिक बदलाव लाएगा और वैश्विक शिपिंग व ऊर्जा बाजार को तुरंत राहत मिलेगी. पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज शरीफ ने भी दावा किया कि 24 घंटे के अंदर डील फाइनल हो सकती है और पाकिस्तान इलेक्ट्रॉनिक साइनिंग की तैयारी कर रहा है.
हालांकि, ईरान ने इस समयसीमा को सिरे से खारिज कर दिया. तेहरान के शीर्ष अधिकारी कह रहे हैं कि रविवार को साइनिंग की कोई पक्की तारीख तय नहीं हुई है. यह घटनाक्रम ऐसे समय में हो रहा है जब पिछले तीन महीनों से स्ट्रेट ऑफ होर्मुज में तनाव चरम पर था, भारतीय नाविकों की मौत हुई और वैश्विक तेल आपूर्ति प्रभावित हुई. सफल होने पर यह डील न सिर्फ मध्य पूर्व में शांति लाएगी बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था, खासकर तेल कीमतों और समुद्री व्यापार पर तुरंत सकारात्मक प्रभाव डालेगी.