Akhilesh Yadav Reaction on Bengal Elections: भाजपा ने पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में बड़ी जीत दर्ज करते हुए ममता बनर्जी के 15 साल के शासन को समाप्त कर दिया है. पार्टी 207 सीटें जीतकर सरकार बनाने की स्थिति में पहुंच गई है. अब सवाल यह है कि नई सरकार का मुख्यमंत्री कौन बनेगा.
प. बंगाल में जब परिणाम मनमर्ज़ी से निकाला गया है तो भाजपाई परंपरा के अनुसार मुख्यमंत्री भी मनमर्ज़ी से ही बनेगा। इसीलिए ये विशेष माँग है कि इस बार ‘पर्ची’ उनके नाम की निकलनी चाहिए जो पौराणिक काल से नारी के प्रति पुरुषवादी नकारात्मक सोच और शोषण की प्रतीक-भूमिका निभा चुकी हैं।… pic.twitter.com/zvejFaoRBZ
— Akhilesh Yadav (@yadavakhilesh) May 5, 2026
समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव ने इस मुद्दे पर तंज कसते हुए भाजपा को सलाह दी. उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा कि जब नतीजे मनमर्जी से निकले हैं, तो मुख्यमंत्री भी उसी हिसाब से चुना जाएगा. अखिलेश ने सुवेंदु अधिकारी, दिलीप घोष, रूपा गांगुली और अग्निमित्रा पॉल की तस्वीरें शेयर कीं.
उन्होंने व्यंग्य करते हुए आगे लिखा कि भाजपा की परंपरा के अनुसार पर्ची उस महिला के नाम की निकलनी चाहिए, जो पौराणिक काल से नारी शोषण और पुरुषवादी सोच की प्रतीक रही हैं. उन्होंने लोहिया जी का हवाला देते हुए कहा कि महिला आरक्षण के मद्देनजर इस पर अमल होना चाहिए.
मुख्यमंत्री पद की रेस में कौन आगे?
बीजेपी ने विधायक दल के नेता के चुनाव के लिए केंद्रीय पर्यवेक्षक के रूप में अमित शाह को नियुक्त किया है. उनके साथ ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण मांझी सह-पर्यवेक्षक बनाए गए हैं. सबसे मजबूत दावेदार के रूप में सुवेंदु अधिकारी का नाम सबसे आगे चल रहा है. उन्होंने पहले ममता बनर्जी के खिलाफ चुनाव लड़ा था और राज्य में पार्टी का चेहरा बनकर उभरे हैं.
महिला मुख्यमंत्री की चर्चा तेज
चुनाव के दौरान महिलाओं की सुरक्षा बड़ा मुद्दा रहा था. इसलिए अटकलें लगाई जा रही हैं कि भाजपा किसी महिला नेता को मुख्यमंत्री बना सकती है. अग्निमित्रा पॉल और रूपा गांगुली के नाम इस संदर्भ में सबसे ज्यादा चर्चा में हैं. रूपा गांगुली महाभारत में द्रौपदी की भूमिका के लिए भी जानी जाती हैं. अभी अंतिम फैसला केंद्रीय नेतृत्व द्वारा लिया जाना बाकी है.