एक तरफ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के जी7 समिट बीच में छोड़ने की चर्चा है तो दूसरी तरफ पीएम मोदी के कनाडा पहुंचने की तस्वीरें वायरल है, खास बात ये है कि ट्रंप के साथ कनाडा में बीच प्रेस कॉन्फ्रेंस कुछ ऐसा हुआ कि वो गुस्सा गए, और इजरायल-इऱान के नाम पर उन्होंने समिट बीच में छोड़ दिया, ऐसी ख़बरें भी सामने आई है, सच्चाई क्या है, इस पर आएं उससे पहले पीएम मोदी की ये तस्वीर देखिए, कनाडा के जिस एयरपोर्ट पर पीएम मोदी खड़े हैं, इसी शहर में उनके विरोधी प्रदर्शन की तैयारी में थे, मोदी जैसे ही एयरपोर्ट पर उतरते हैं एक जैकेट उनके हाथ में नजर आता है, नीचे खड़े लोग उनका स्वागत करते हैं, पर सबकी निगाहें सिर पर पंख लगाए इन लोगों पर टिक जाती है, क्योंकि इससे पहले भी मोदी कई देशों के दौरे पर गए, पर इस तरह का स्वागत शायद पहली बार देखने को मिला है.
G7 से ट्रंप का अचानक निकलना क्या इजरायल-ईरान पर बढ़ते तनाव की तरफ इशारा?

इसके मायने बेहद खास हैं. गूगल पर सर्च करने पर पता चलता है ये लोग कनाडा के स्थानीय आदिवासी समुदाय के हैं. जो इन्होंने सिर पर पहना है इसे वार बोन या हेडड्रेस कहते हैं. जो सम्मान, वीरता और नेतृत्व का प्रतीक होता है. इसे पहनने का हक उन्हीं को होता है, जिन्होंने समुदाय के लिए कुछ खास योगदान दिया है. इसका इस्तेमाल पारंपरिक स्वागत, सांस्कृतिक समारोह और विशेष आयोजनों में होता है. जिसका सीधा सा मतलब है कनाडा ने इस बार पीएम मोदी का अनोखा स्वागत कर एक नया संदेश देने की कोशिश की है. उधर एसपीजी ने पीएम मोदी की सुरक्षा को लेकर पग-पग पर मोर्चा संभाल रखा है, कनाडा सरकार की भी ये जिम्मेदारी है कि जितने भी देशों के राष्ट्राध्यक्ष वहां गए हैं, उनकी सुरक्षा में कोई चूक न हो. फिलहाल ट्रंप तो लौट चुके हैं, लेकिन उनकी कुछ तस्वीरें वायरल हैं.
ट्रंप के दो फ्लैग वाले जैकेट ने मचाया बवाल

ये अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप वो तस्वीर है, जिसे कनाडा का बच्चा-बच्चा देख रहा है, ट्रंप अपने कोट के ऊपर दो तरह के फ्लैग लगाकर गए थे, एक अमेरिका का था, जबकि दूसरा कनाडा का, आम तौर पर किसी दूसरे देश के राष्ट्राध्यक्ष ऐसा नहीं करते, लेकिन ट्रंप के ऐसा करने का मतलब था वो कनाडा को अमेरिका का 51वां राज्य बनाना चाहते हैं, ऐसे में जैसे ही तस्वीर वायरल हुई, हर कनाडाई नागरिक ट्रंप पर भड़क उठा, और नतीजा ये हुआ कि जब ट्रंप जी7 ग्रुप देशों के साथ प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहुंचे और कुछ कह रहे थे तो कनाडाई पीएम मार्क कार्नी ने उन्हें दो बार बीच में रोककर कहा, मानो कहना चाहते हों जी7 अध्यक्ष के नाते हमें अपना काम करने दीजिए, ये ट्रंप के लिए किसी अपमान से कम नहीं था, उसके कुछ ही देर बाद ख़बर आती है ट्रंप ने जी7 समिट बीच में छोड़ने का फैसला लिया है, फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों कहते हैं अगर ट्रंप ईरान और इजरायल के बीच सीजफायर करवाते हैं, तो हम साथ हैं, ऐसे में ट्रंप से भी ये पूछा जाता है कि क्या आप सीजफायर करवाने लौट रहे हैं तो फ्रांस के राष्ट्रपति का नाम लेकर वो कहते हैं.
पता नहीं मैक्रों हर बार जानबूझकर गलत समझते हैं या समझना ही नहीं चाहते. मैं अचानक से लौट रहा हूं, इसका मतलब सीजफायर नहीं, बल्कि बात उससे भी बड़ी है.
तो वो बड़ी बात क्या है, क्या ईरान पर इजरायल और बड़े हमले की तैयारी में है, इजरायल का दावा है उसने ईरान के नए चीफ ऑफ स्टाफ अली शादमानी को भी नहीं छोड़ा है, उधर ट्रंप भी ये साफ कर चुके हैं कि अब ईरान ने देर कर दी, तो क्या अगले कुछ घंटों में कुछ बड़ा होने वाला है, जी7 समिट के बीच इस पर सबकी निगाहें टिकी हैं.