नई दिल्ली: भारत ने शुक्रवार को अमेरिकी चार्ज डे एफेयर्स जेसन मीक्स को इस सप्ताह दूसरी बार तलब किया. ओमान तट के पास 20 भारतीय क्रू सदस्यों वाले एक और मर्चेंट जहाज पर हमला होने के बाद भारत ने अपना कूटनीतिक रुख और सख्त कर दिया है. यह चार दिनों में भारतीय नाविकों से जुड़ी तीसरी घटना है. विदेश मंत्रालय (MEA) में अमेरिकी राजनयिक को बुलाया. नई दिल्ली खाड़ी क्षेत्र में वाणिज्यिक जहाजों की बढ़ती सुरक्षा चुनौती पर कड़ी प्रतिक्रिया दे रही है.
यह तलबी डायरेक्टरेट जनरल ऑफ शिपिंग (DGS) द्वारा जारी किए गए नए समुद्री सुरक्षा एडवाइजरी के कुछ घंटों बाद हुई. स्ट्रेट ऑफ हरमुज, गल्फ ऑफ ओमान और आसपास के पानी में काम कर रहे लगभग 18,000 भारतीय नाविकों के लिए यह चेतावनी जारी की गई है. यह एडवाइजरी हाल के तीन हमलों के बाद जारी की गई, जिनमें एक घातक हमले में तीन भारतीय नाविकों की मौत हो गई थी.
घटनाओं का विवरण
भारतीय नाविकों की स्थिति
आधिकारिक अनुमानों के अनुसार, स्ट्रेट ऑफ हरमुज के पश्चिम और पूर्व के पानी में 13 भारत-पंजीकृत जहाजों पर 622 भारतीय नाविक फिलहाल काम कर रहे हैं. खाड़ी क्षेत्र के व्यापक जल क्षेत्र में सैकड़ों विदेशी जहाजों पर लगभग 18,000 भारतीय नागरिक कार्यरत हैं. इस कारण भारत उन देशों में शामिल है जो वर्तमान में सबसे अधिक समुद्री सुरक्षा जोखिम का सामना कर रहा है. भारत दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा समुद्री कार्यबल रखता है, जहां वैश्विक स्तर पर लगभग 3.2 लाख भारतीय नाविक विभिन्न जहाजों पर कार्यरत हैं.