नई दिल्ली: तृणमूल कांग्रेस (TMC) के बागी सांसद और कूचबिहार सांसद जगदीश चंद्र बर्मा बसुनिया ने सोमवार को एक बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि नेशनलिस्ट सिटीजन्स पार्टी ऑफ इंडिया (NCPI) के 20 सांसदों में से 17 जल्द ही भारतीय जनता पार्टी (BJP) में शामिल हो जाएंगे. बसुनिया के मुताबिक, यह बदलाव दुर्गा पूजा से पहले या उसके तुरंत बाद अक्टूबर में हो सकता है. उन्होंने दावा किया कि सभी 17 सांसद एक साथ BJP में जाएंगे, जिससे एंटी-डिफेक्शन लॉ लागू नहीं होगा.
क्यों नहीं लगेगा एंटी-डिफेक्शन लॉ?
बसुनिया ने कहा कि हम 17 सांसद एक साथ BJP में जा रहे हैं. 20 सदस्यों में से दो-तिहाई से ज्यादा सदस्य जा रहे हैं, इसलिए एंटी-डिफेक्शन लॉ हम पर लागू नहीं होगा. कानून के अनुसार, किसी विधायक दल के कम से कम दो-तिहाई सदस्यों के मर्जर पर अयोग्यता से बचा जा सकता है. 20 सदस्यीय NCPI समूह में यह सीमा 14 सांसदों की है.
तीन सांसद बाहर से देंगे समर्थन
बसुनिया ने बताया कि अल्पसंख्यक समुदाय के तीन सांसद अबू ताहेर खान, खलीलुर रहमान और यूसुफ पठान औपचारिक रूप से BJP में शामिल नहीं होंगे. वे NDA को बाहर से समर्थन देंगे और उन्हें महत्वपूर्ण जिम्मेदारियां या पोर्टफोलियो दिए जा सकते हैं. जून 2024 में 20 असंतुष्ट TMC सांसदों ने कम-ज्ञात NCPI में विलय की घोषणा की थी और NDA को समर्थन दिया था.
काकोली घोष दस्तीदार ने इस बागी गुट का नेतृत्व किया था. बंगाल चुनावों में TMC की हार के बाद पार्टी से सांसदों और विधायकों का बड़ा पलायन हुआ था. बसुनिया और उनकी पत्नी (TMC विधायक संगीता रॉय) हाल ही में अपने पैतृक घर सीताई (कूचबिहार) लौटने पर प्रदर्शनों का सामना करना पड़ा था.
स्थानीय लोगों और BJP कार्यकर्ताओं ने उनके राजनीतिक बदलाव के खिलाफ प्रदर्शन किया था, जिसमें एक TMC ऑफिस में आग लगाने की भी घटना हुई थी. बसुनिया ने स्पष्ट किया कि उन्होंने TMC से नाता तोड़ लिया है और अब NDA के साथ हैं. यह दावा पश्चिम बंगाल की राजनीति में और हलचल पैदा कर सकता है.