Cyclone Dana live updates: बाद चक्रवात दाना (Cyclone Dana) के भीतरकनिका राष्ट्रीय उद्यान और धामरा के बीच पहुंचने से तटीय ओडिशा में तेज हवाएं चली और भारी बारिश हुई. बता दें कि चक्रवात दाना ने केंद्रपाड़ा जिले के भीतरकनिका और भद्रक जिले के धामरा के बीच रात करीब 12:10 बजे दस्तक दी. IMD भुवनेश्वर की क्षेत्रीय निदेशक मनोरमा मोहंती ने कहा कि शुक्रवार सुबह तक चक्रवात के पहुंचने की प्रक्रिया जारी रही, जिसके बाद कमजोर पड़ गया.
मौसम विभाग से मिली जानकारी के अनुसार, चक्रवात के कारण ओडिशा के साथ-साथ पश्चिम बंगाल में भी भारी बारिश हो रही है. दावा किया जा रहा है कि चक्रवात के लैंडफॉल होने के बाद कई जगहों पर 100 से 110 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चली. इस वजह से ओडिशा के बांसडा में भारी तबाही देखी गई है. साथ ही पश्चिम बंगाल के तटीय क्षेत्रों में भी इसका असर देखने को मिला है. तूफान के कारण ओडिशा, पश्चिम बंगाल और छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली 300 ट्रेनों को रद्द किया गया है. वहीं पश्चिम बंगाल के मेदनीपुर में इसका सबसे ज्यादा असर देखने को मिला है. बिजली की तार टूटने से कई सेवाएं ठप पड़ी हुई है और कई जगहों पर पेड़ उखड़ने की भी जानकारी मिल रही है.
ओडिशा के मुख्यमंत्री मोहन चरण माझी ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह दोनों ने चक्रवात के प्रभाव से निपटने के लिए राज्य की तैयारियों के बारे में जानकारी ली है. माझी ने कहा कि तटीय क्षेत्रों में उच्च जोखिम वाले निचले इलाकों से लगभग 5.84 लाख लोगों को निकाला गया है. ओडिशा सरकार ने शुरू में दस लाख लोगों को निकालने की योजना बनाई थी. हालांकि, अधिकारियों ने यह महसूस करने के बाद इस अनुमान को संशोधित किया कि चक्रवात दाना मूल रूप से आशंका से कहीं अधिक कमजोर होगा.
आईएमडी ने यह भी कहा है कि जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा, कटक, भद्रक, जाजपुर, बालासोर और मयूरभंज जिलों में छिटपुट भारी से बहुत भारी वर्षा (7 से 20 सेमी) और कुछ स्थानों पर अत्यधिक भारी वर्षा (20 सेमी से अधिक) होने की संभावना है. आईएमडी के एक अधिकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह से शनिवार सुबह तक जाजपुर, भद्रक, पुरी, ढेंकनाल, खोरधा, कटक, जगतसिंहपुर, केंद्रपाड़ा और अंगुल के अलग-अलग इलाकों में इसी तरह की स्थिति रहने की उम्मीद है.