पर्थ में 22 नवंबर से शुरू होने वाले भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच पहले टेस्ट मैच से पहले भारतीय टीम के कई प्रमुख खिलाड़ियों को चोटें आई हैं. इनमें सबसे गंभीर चोट शुभमन गिल को लगी है, जिनका अंगूठा टूट गया है. वहीं, केएल राहुल भी चोटिल थे, लेकिन अब वह पूरी तरह से फिट हो चुके हैं. सरफराज खान को भी हल्की चोट आई थी, लेकिन वह अब ठीक हैं. इसके अलावा, सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि कप्तान रोहित शर्मा पर्थ टेस्ट से बाहर रहेंगे. ऐसे में टीम इंडिया को अपनी प्लेइंग इलेवन चुनने में मुश्किल हो सकती है.
रोहित शर्मा के परिवार में हाल ही में एक बच्चे का जन्म हुआ है, और वह इस समय अपने परिवार के साथ समय बिताना चाहते हैं. इसलिए, वह पर्थ टेस्ट में नहीं खेलेंगे. उनके न होने पर जसप्रीत बुमराह को कप्तान बनाया जा सकता है. इस समय केएल राहुल और यशस्वी जायसवाल के पास पारी की शुरुआत करने का मौका हो सकता है. राहुल चोट से उबर चुके हैं और बीसीसीआई ने रविवार को यह पुष्टि की कि वह अब फिट हैं. ऐसे में वह पर्थ टेस्ट के लिए टीम में शामिल हो सकते हैं.
कौन से गेंदबाज होंगे प्लेइंग इलेवन में?
टीम इंडिया के पास कई बेहतरीन गेंदबाजों के विकल्प हैं. मोहम्मद सिराज और जसप्रीत बुमराह का प्लेइंग इलेवन में होना लगभग तय है, लेकिन अब यह सवाल उठता है कि और कौन से गेंदबाज टीम में होंगे. पेस गेंदबाजी विभाग में आकाश दीप, हर्षित राणा और प्रसिद्ध कृष्णा में से किसी एक को मौका मिल सकता है. इन तीनों ने अपनी गेंदबाजी से प्रभावित किया है, और कोच गौतम गंभीर का फैसला महत्वपूर्ण होगा.
मध्यक्रम में कौन खेलेंगे?
मध्यक्रम में विराट कोहली को नंबर चार पर खेलने की जिम्मेदारी दी जाएगी. इसके अलावा, सरफराज खान और ऋषभ पंत को भी प्लेइंग इलेवन में जगह मिल सकती है. पंत एक अनुभवी और भरोसेमंद खिलाड़ी हैं, जो मैच को अपनी बल्लेबाजी से पलटने की क्षमता रखते हैं. इसके अलावा, ध्रुव जुरेल जैसे युवा खिलाड़ी भी मध्यक्रम में मौका पा सकते हैं.
साथ ही, ऑलराउंडर्स रविंद्र जडेजा और रविचंद्रन अश्विन को भी प्लेइंग इलेवन में शामिल किया जा सकता है. जडेजा अपनी गेंदबाजी के साथ-साथ बल्लेबाजी में भी महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं, जबकि अश्विन अपनी किफायती गेंदबाजी और अनुभव से टीम को मजबूती दे सकते हैं.