नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने शुक्रवार को घोषणा की है कि कांग्रेस वायनाड में 100 से अधिक घर बनाएगी. उन्होंने कहा कि केरल ने पहले ऐसी त्रासदी नहीं देखी है और वह इस मुद्दे को दिल्ली में भी उठाएंगे. कांग्रेस नेता वर्तमान में वायनाड में राहत शिविरों का दौरा कर रहे हैं. राहुल गांधी ने कहा है कि मैं कल से यहां हूं. जैसा कि मैंने कल कहा था, यह एक भयानक त्रासदी है. हम कल साइट पर गए थे, हम शिविरों में गए, हमने वहां की स्थिति का आकलन किया.
राहुल गांधी ने कहा कि आज, हमने प्रशासन और पंचायत के लोगों के साथ बैठक की. उन्होंने हमें संभावित हताहतों की संख्या, क्षतिग्रस्त हुए घरों की संख्या और उनकी रणनीति के बारे में जानकारी दी. राहुल गांधी ने कहा कि हमने कहा है कि हम हर संभव मदद के लिए यहां हैं. कांग्रेस परिवार यहां 100 से अधिक घर बनाने के लिए प्रतिबद्ध है.
राहुल गांधी ने कहा है कि मुझे लगता है कि केरल ने एक क्षेत्र में इस तरह की त्रासदी नहीं देखी है और मैं इसे दिल्ली में और यहां के मुख्यमंत्री के सामने भी उठाने जा रहा हूं, क्योंकि यह एक अलग स्तर की त्रासदी है और इसे अलग तरह से देखा जाना चाहिए.
गुरुवार को लोकसभा सांसद राहुल गांधी ने कहा था कि भूस्खलन से हुई तबाही को देखना दर्दनाक है और वह उसी तरह की भावनाओं को महसूस कर रहे हैं, जैसा उन्होंने 1991 में अपने पिता, पूर्व प्रधानमंत्री राजीव गांधी की हत्या के समय महसूस किया था.
उन्होंने कांग्रेस महासचिव प्रियंका गांधी के साथ विभिन्न शिविरों का दौरा किया. बता दें कि प्रियंका गांधी को वायनाड से लोकसभा उम्मीदवार घोषित किया गया है. भूस्खलन में लगभग 350 इमारतें क्षतिग्रस्त हो गई थीं. बचाव कार्य कई चुनौतियों से बाधित हुआ था, जिसमें खतरनाक इलाका और भारी उपकरणों की कमी शामिल थी. गौरतलब हो कि 30 जुलाई को भूस्खलन के कारण सैकड़ों को लोगों को जान गंवानी पड़ी है और सैकड़ों लोग घायल हो गए हैं.