पटना: उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में चल रहे महाकुंभ में मौनी अमावस्या महापर्व की सुबह संगम तट पर मची भगदड़ को लेकर बिहार में सियासत तेज हो गई है. इस घटना पर सभी ने दुख जताया है, लेकिन विपक्ष ने भी सवाल उठाए हैं. बिहार के उप मुख्यमंत्री और भाजपा नेता सम्राट चौधरी ने इस घटना पर शोक व्यक्त करते हुए कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ इस घटना की पूरी समीक्षा कर रहे हैं.
साथ ही उन्होंने लोगों से शांति बनाए रखने की भी अपील की वहीं, बिहार सरकार के मंत्री विजय चौधरी ने कहा कि प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह हादसा अधिक भीड़ के कारण हुआ है. प्रशासन इस पर निगरानी बनाए हुए है. बिहार विधानसभा में विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने भी इस घटना पर शोक जताया. उन्होंने अपने एक्स अकाउंट से लिखा कि प्रयागराज महाकुंभ में मौनी अमावस्या के दिन संगम तट पर भगदड़ और श्रद्धालुओं के घायल होने और जान गंवाने की यह अत्यंत दुखद खबर दिल को छूने वाली है. ईश्वर दिवंगत आत्माओं को अपने श्रीचरणों में स्थान दें और घायलों को शीघ्र स्वास्थ्य लाभ दें.
जदयू के प्रवक्ता और पूर्व मंत्री नीरज कुमार ने इस घटना पर दुख जताते हुए कहा कि यह घटना मानवीय संवेदनाओं को झकझोर देने वाली है. पीएम मोदी ने यूपी के मुख्यमंत्री से संपर्क किया है और उन्होंने कहा कि वहां बढ़ती भीड़ को व्यवस्थित करना राज्य सरकार की प्राथमिकता है. नीरज कुमार ने यह भी कहा कि आस्था और विश्वास का सम्मान किया जाना चाहिए, लेकिन प्रशासन की व्यवस्थाओं का पालन करना जरूरी है.
इसी बीच पूर्णिया के निर्दलीय सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव ने इस हादसे पर शोक व्यक्त करते हुए सवाल उठाए हैं. उन्होंने एक्स पर लिखा कि महाकुंभ में व्यवस्था की कमी के कारण इतना बड़ा हादसा हुआ. इतने हिंदू श्रद्धालु मारे गए, पूरा देश शोक में डूबा है. प्रधानमंत्री मोदी और मुख्यमंत्री योगी ने दो शब्द शोक के भी व्यक्त नहीं किए. श्रद्धालुओं को श्रद्धांजलि भी नहीं दी. क्या जिम्मेदारी लेंगे? बस पर्दा डालने का काम करेंगे.