इधर दिल्ली में शपथग्रहण की तैयारियां चल रही हैं. उधर पाकिस्तान में ‘मिशन मोदी सेरेमनी’ का जिम्मा 60-70 आतंकियों को दिया गया है, जो लाहौर में ट्रेनिंग लेने के बाद भारत-पाकिस्तान बॉर्डर पर पहुंच चुके हैं. ये टाइम्स ऑफ इंडिया की ख़बर है, जो हेडलाइन में लिखता है. LOC के पास लॉन्च पैड्स एक्टिव मिले हैं, 60-70 आतंकी भारत में घुसपैठ की फिराक में हैं.
खुफिया एजेंसियों ने अपनी रिपोर्ट में ऐसी कई हैरान करने वाली बातें कही है, जिसने एनएसजी से लेकर एसपीजी कमांडो तक के होश उड़ा दिए हैं. ख़बर यहां तक है कि मोदी जिस वक्त शपथ ले रहे होंगे, उस वक्त पाकिस्तान से कई मौलाना अपने गुर्गों के संपर्क में होंगे, वो उन्हें आदेश दे रहा होगा कि किधर जाना है और क्या करना है. रेलवे स्टेशन से लेकर एयरपोर्ट औऱ बस अड्डे तक इनके निशाने पर हो सकते हैं.
आईबी और रॉ तक को ये इनपुट मिला है कि मोदी की जीत का जश्न फीका करने के लिए आतंकी हिंदुस्तान के अलग-अलग जगहों को निशाना बना सकते हैं. दिल्ली में उस दौरान सुरक्षा व्यवस्था कड़ी होगी, बावजूद उसके वो दिल्ली में घुसने की फिराक में लंबे वक्त से हैं. लालकिला से लेकर इंडिया गेट तक राष्ट्रपति भवन से लेकर संसद भवन तक की सुरक्षा फिर से बढ़ाने की जरूरत है. मोदी के जीत का जश्न फीका करने के लिए पाकिस्तान कोई बड़ी साजिश रच सकता है, इसलिए अलर्ट जरूरी है.
बीते दिनों किस तरह से ही भारत के ही लड़के-लड़कियों को माइंडवाश करके संसद भवन में घुसाया गया था, वो सबने देखा था, इसलिए ऐसी साजिश भी रची जा सकती है. इंडिया में भी पाकिस्तान के कई संगठनों के स्लीपर सेल एक्टिव हैं, ऐसी ख़बरें बराबर सामने आती है.
बीते दिनों सूरत से एक मौलाना गिरफ्तार हुआ था, जो सीधा मोदी-योगी को चैलेंज कर रहा था, उसके बाद ISIS के चार आतंकी पकड़े गए, जिनका श्रीलंका कनेक्शन सामने आया. ऐसे में पाकिस्तान बॉर्डर पर बैठे ये आतंकी फर्जी दस्तावेज बनाकर श्रीलंका के रास्ते भी हिंदुस्तान में दाखिल होने की कोशिश कर सकते हैं.
जम्मू-कश्मीर के डीजीपी रश्मि रंजन स्वैन एक चैनल को दिए इंटरव्यू में साफ-साफ कहते हैं. पड़ोसी पाकिस्तान अपने यहां से आतंकियों औऱ हथियार भेजने की हरकतों से बाज नहीं आ रहा है. हमें ख़बर मिली है कि सीमापार के लॉन्च पैड एक्टिव हैं. वहां 6 अलग-अलग ग्रुप में दुश्मन बैठा है औऱ वो सीमा पार करने के लिए सही वक्त का इंतजार कर रहा है, लेकिन जम्मू-कश्मीर पुलिस और भारतीय सेना इनके मंसूबे को कामयाब नहीं होने देगी.
बॉर्डर पर भारतीय सेना के जवान भीषण गर्मी में पूरी तरह से मुस्तैद हैं. जम्मू-कश्मीर का ठंडे इलाके वाला बॉर्डर हो या राजस्थान का गर्मी वाला इलाका, तपती रेत से लेकर बर्फ के पहाड़ तक पर जवानों का कड़ा पहरा है. अगर उसके बाद भी कोई हिंदुस्तान की धरती में घुसपैठ की कोशिश करता है, तो उसका अंजाम क्या होगा ये सब जानते हैं.
वहीं बता दें कि इतनी सुरक्षा के बाद भी मुंबई में कसाब कुछ लोगों के साथ समुद्र के रास्ते घुस आया था. इसलिए खुफिया इनपुट के बाद से एनएसजी से लेकर एसपीजी कमांडो तक सब एक्टिव हो गए हैं. एनएसजी मुंबई वाला वो वीडियो देख रही है कि अगर कभी ऐसी स्थिति आए तो उससे कैसे निपटना है.