तल अवीव: इजरायल के दक्षिणी शहर एश्केलोन में दो भारतीय मजदूरों पर एक सुनियोजित हमला हुआ है, जिसे इजरायली मीडिया ने नस्लीय आधार वाला और पहले से रचा हुआ बताया है. इजरायल की सार्वजनिक प्रसारक संस्था KAN ने इस घटना का एक वीडियो जारी किया है, जिसमें एक पार्क जैसी जगह पर तीन या अधिक लोगों का एक समूह दो व्यक्तियों को जमकर पीटता दिख रहा है. रिपोर्ट के अनुसार, हमलावरों ने व्हाट्सएप पर मैसेज के जरिए योजना बनाई, भारतीय कामगारों को निशाना बनाया और दिनदहाड़े हमला कर दिया. KAN ने इसे नस्लवाद और दुर्भावना से प्रेरित करार दिया है.
पुलिस ने आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और जांच जारी है. भारत में इजरायली दूतावास ने इस घटना की कड़ी निंदा की है, इसे बिल्कुल अस्वीकार्य बताया और कहा कि अपराधियों को सजा जरूर मिलेगी. यह घटना ऐसे समय हुई है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जल्द ही इजरायल का दौरा करने वाले हैं. नेतन्याहू ने हाल ही में इस यात्रा की पुष्टि की थी.
भारत ने 2023 के हमास हमले के बाद इजरायल में मजदूरों की कमी को पूरा करने के लिए हजारों भारतीय कामगार भेजे हैं. 2025 के मध्य तक 20,000 से अधिक भारतीय वहां काम कर रहे हैं, जहां उन्हें अच्छी कमाई (करीब 1.9 लाख रुपये मासिक तक) मिल रही है, साथ ही रहने, स्वास्थ्य बीमा और अन्य सुविधाएं भी. लेकिन संघर्ष वाले इलाकों में खतरे भी बने रहते हैं.
कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने इस पर सवाल उठाए हैं, विदेश मंत्री से घायलों की स्थिति बताने और इजरायली पक्ष से मुद्दा उठाने की मांग की है. उन्होंने पूछा है कि क्या पीएम मोदी अपनी यात्रा के दौरान भारतीयों के खिलाफ नस्लवाद और हिंसा के मुद्दे को उठाएंगे.
दोनों देशों के बीच मजबूत संबंधों के बावजूद यह घटना चिंता का विषय बनी हुई है.