रतन टाटा (Ratan Tata) का बुधवार (9 October) को देर रात मुंबई के ब्रीच कैन्डी (Breach Candy Hospital) अस्पताल में निधन हो गया. वे कुच समय से हॉस्पिटल के इंटेंसिव केयर यूनिट (ICU) में थे. अधिक उम्र संबंधित बीमारियों से जूझ रहे थे। सोमवार को भी उनके अस्पताल में होने की खबर थी जिस पर रतन टाटा ने X पर ये संदेश दिया था कि, "ठीक हूं, चिंता की कोई बात नहीं".

टाटा संस के मानद चैयरमैन थेे रतन नवल टाटा। 2008 में उन्हें भारत का दूसरा सर्वोच्च सम्मान पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया था, और 2000 में उन्हे पद्म भूषण दिया गया था.
रतन टाटा सिर्फ उद्योगपतियों के बीच ही नहीं भारत के आम आदमी के दिलों में भी राज करते थे. ऐसे बिरले ही बिजनेसमैन हुए हैं जिनको आम आदमी का प्यार भी हद से ज्यादा मिला हो. भारत में तो टाटा की हैसियत ऐसी थी कि किसी पर भरोसा हो न हो टाटा पर लोगों को भरोसा था. आज चाहे जितने भी अंबानी, अडानी हो जाएं लेकिन टाटा वाला भरोसा कहां से लाएंगे?