सहारनपुर : उत्तर प्रदेश के सहारनपुर में सीओ के गनर सिपाही राहुल ढाका की हत्या के 13 साल बाद अदालत ने मुकीम काला गैंग के दो सदस्यों को उम्रकैद की सजा सुनाई है. अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश कक्ष संख्या-10 संजय कुमार की अदालत ने महताब उर्फ काना उर्फ जीवा और सादर खां को दोषी ठहराते हुए दोनों पर 75-75 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया. दोनों राजस्थान की अलग-अलग जेलों में बंद हैं और वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए अदालत में पेश हुए.
मामला 5 जून 2013 का है. हरियाणा के घोड़ो पीपली इलाके में पेट्रोल पंप लूटकर मुकीम काला गैंग के बदमाश सहारनपुर की ओर भागे थे. हरियाणा पुलिस से सूचना मिलने के बाद सहारनपुर पुलिस ने घेराबंदी की. तत्कालीन सीओ उमेश यादव अपने हमराह पुलिसकर्मियों के साथ बदमाशों का पीछा कर रहे थे. सर्किट हाउस रोड के पास बदमाशों की कार के सामने ट्रैक्टर-ट्रॉली आ गई. इसी दौरान गनर राहुल ढाका बदमाशों को पकड़ने के लिए आगे बढ़े. बदमाशों ने उन पर फायरिंग कर दी. गोली लगने से राहुल ढाका की मौत हो गई और बदमाश उनकी कार्बाइन भी लूट ले गए.
जांच में गैंग के शार्प शूटर साबिर जंधेड़ी का नाम सामने आया. साबिर जनवरी 2018 में शामली के जंधेड़ी गांव में पुलिस मुठभेड़ में मारा गया. गैंग सरगना मुकीम काला की 2021 में चित्रकूट जेल की गैंगवार में मौत हो गई.
मामले में अदालत के सामने 17 गवाहों की गवाही हुई.2018 में आरोप तय हुए थे और 2021 से गवाहों के बयान शुरू हुए. अदालत ने राहुल ढाका हत्याकांड के साथ लूट के दो अन्य मामलों में भी दोनों को सजा सुनाई. लूट के मामले में आठ साल की सजा हुई है.