नई दिल्ली: अहमदाबाद क्राइम ब्रांच की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग यूनिट ने एक ऐसे आरोपी को गिरफ्तार किया है, जिसने एड्स पीड़ित होने के बावजूद करीब 6 लड़कियों को प्रेम जाल में फंसा कर उसका यौन शोषण किया. पुलिस सूत्रों ने जानकारी दी है कि आरोपी ने पिछले 20 वर्षों से अपनी गंभीर बीमारी को छुपाकर कई मासूमों को बहला-फुसलाकर उनकी जिंदगी बर्बाद कर दी. दावा किया गया है कि इसमें उसके घर वाले भी साथ देते थे.
पूरा मामला तब खुला जब उसने एक नाबालिग लड़की को अगवा कर लिया. परिजन शिकायत करने थाने पहुंचे. पुलिस से की गई शिकायत में परिजनों ने बताया कि 22 मार्च 2024 को वह अहमदाबाद के असारवा एक धार्मिक कार्यक्रम में शामिल होने गई थी. उस समय लड़की उम्र मात्र 16 साल थी. परिजनों ने बताया कि कार्यक्रम के दौरान ही नाबालिग लापता हो गई. काफी खोजबीन के बाद जब वह नहीं मिली तो परिजनों ने शाहीबाग थाने में शिकायत दर्ज करवा दी. शिकायत मिलने के बाद पुलिस ने करीब 3 महीने तक खोजबीन जारी रखी, लेकिन नाबालिग का कहीं भी सुराग नहीं लगा.
इसके बाद मामले को एफ डिवीजन पुलिस को सौंप दिया गया. नाबालिग के पिता ने उच्च न्यायालय में भी याचिका दाखिल की और बेटी को ढूंढने की गुहार लगाई. जिसके बाद पुलिस ने आखिर मध्य प्रदेश के अनूपपुर जिले से आरोपी को गिरफ्तार कर लिया.
गिरफ्तारी के बाद पुलिस ने जब जांच-पड़ताल शुरू की तो उसके पैरों तले से जमीन खिसक गई. पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह 10 सालों से एड्स से पीड़ित है. इस दौरान उन्होंने 6 से ज्यादा लड़कियों को हवश का शिकार बनाया. इसका कांड में उसकी मां और भाई भी साथ देते थे. पुलिस ने आरोपी के खिलाफ विभिन्न धाराओं में मामला दर्ज कर लिया है. फिलहाल आरोपी पुलिस हिरासत में है और उससे पूछताछ की जा रही है.
इस दौरान पुलिस अधिकारी ने जानकारी दी है कि आरोपी उसके घर के पास ही काम करता था. इस दौरान उन्होंने उसके पिता से जान-पहचान बनाई और विभिन्न कार्यक्रमों में उसके घर आने-जाने लगा. धीरे-धीरे उसने नाबालिग बहला लिया और शादी करने का वादा किया. इसी बीच जब वह अपने परिवार के साथ एक कार्यक्रम में शामिल होने गई तो वह भी पीछे-पीछे चला गया. और वहां से भगा ले गया. फिर उसे अपने किराए के मकान में छुपा दिया.
किसी को कुछ पता न चले इसके लिए आरोपी नाबालिग को घर में ही रखता था और उसे खाना भी वही देता था. पुलिस को जानकारी मिली है कि इस काम आरोपी के भाई और मां भी साथ देते थे. वहीं जब वह घर से कहीं जाता था तो दरवाजे में बाहर से ताला लगा देता था. आरोपी ने जब पीड़िता से शादी करनी चाही तो उसके वकील ने बताया कि वह अभी नाबालिग, इसलिए शादी नहीं हो सकती है. बालिग होने तक कहीं और चले जाओ.
फिर आरोपी उसे एक शहर से दूसरे शहर तक ले जाता रहा. इसी बीच जब वह मध्य प्रदेश पहुंचा तो उसकी भनक पुलिस को लग गई, जिसके बाद पुलिस ने छापेमारी कर आरोपी को गिरफ्तार कर लिया. गिरफ्तार करने के बाद अहमदाबाद क्राइम ब्रांच की एंटी ह्यूमन ट्रैफिकिंग पुलिस उसे शाहीबाग पुलिस को सौंप दिया. जिसके बाद पुलिस यह पता लगाने में जुटी हुई है कि आरोपी ने एड्स से पीड़ित होने के बावजूद 6 से ज्यादा लड़कियों की जिंदगी क्यों बर्बाद कर दी और उसके घर वाले उसका साथ क्यों देते थे. पुलिस इसस जुड़े गिरोह का भी पता लगा रही है.