रामपुर जिले के स्वार इलाके में पिछले दस दिनों से तेंदुए का आतंक फैला हुआ था, जिसने ग्रामीणों की नींद उड़ा दी थी. तेंदुए को पकड़ने के लिए वन विभाग की टीम लगातार कोशिश कर रही थी और आखिरकार सोमवार सुबह तेंदुए को पकड़ लिया गया. इस घटना से ग्रामीणों ने राहत की सांस ली.
तेंदुए की दहशत इतनी बढ़ गई थी कि लोग रात भर जागकर अपने घरों और खेतों की रखवाली करने को मजबूर थे. यह मामला जिले के तहसील स्वार के जमुना-जमुनी जंगल का है, जहां तेंदुए के डर से ग्रामीण अपने खेतों और घरों से बाहर निकलने से डरने लगे थे. घटना के दौरान, एक तेंदुआ एक किसान के ट्यूबवेल की छत पर बैठा हुआ दिखाई दिया, जिसे ग्रामीणों ने वीडियो में कैद कर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया. इसके बाद तेंदुए का डर और बहुत ज्यादा बढ़ गया, और आसपास के गांवों में दहशत का माहौल बन गया.
वन विभाग के अधिकारी राजीव कुमार ने तीन दिन पहले जंगल में जाकर तेंदुए को पकड़ने का प्रयास किया था, लेकिन सफलता नहीं मिली. इसके बाद उन्होंने एक जगह पर पिंजरा लगाया और ग्रामीणों को सतर्क रहने की सलाह दी. वन विभाग की टीम ने दिन-रात जंगल में तलाशी अभियान चलाया.
सोमवार सुबह करीब 6 बजे, भगतजी स्टोन क्रशर के पास लगाए गए पिंजरे में तेंदुआ फंस गया. इस खबर के फैलते ही ग्रामीणों की भीड़ तेंदुए को देखने के लिए उमड़ पड़ी. वन विभाग की टीम ने हाइड्रा मशीन की मदद से पिंजरे को गाड़ी में रखा और उसे मिलक खानम के पास सलेरपुर स्थित वन विभाग पोस्ट ले जाया गया. तेंदुए के पकड़े जाने से ग्रामीणों को बड़ी राहत मिली. अब वे अपने घरों और खेतों में बिना डर के जा सकते हैं. वन विभाग की इस सफलता ने क्षेत्र में शांति और सुरक्षा का माहौल वापस ला दिया है.