कुशीनगर : यूपी के कुशीनगर और बाराबंकी से आई एक बड़ी सुरक्षा कार्रवाई में उत्तर प्रदेश एटीएस ने दो युवकों को गिरफ्तार किया है, जिन पर पाकिस्तानी खुफिया एजेंसी आईएसआई के लिए काम करने और देश में हमले की साजिश रचने के गंभीर आरोप लगे हैं. गिरफ्तार आरोपियों में कुशीनगर निवासी कृष्णा मिश्रा और बाराबंकी के दनियाल अशरफ शामिल हैं. जानकारी के अनुसार, कृष्णा मिश्रा मूल रूप से कुशीनगर के जटहा बाजार थाना क्षेत्र के हरपुर गांव का रहने वाला है. उसके पिता छोटेलाल मिश्र एक सामान्य नागरिक हैं.
करीब सात साल पहले कृष्णा गांव छोड़कर दिल्ली चला गया था, जहां वह एक निजी कंपनी में सिक्योरिटी गार्ड की नौकरी करने लगा. इसी दौरान उसकी मुलाकात दनियाल अशरफ से हुई, जो बाराबंकी का रहने वाला है. एटीएस के अनुसार, दोनों के बीच संपर्क बढ़ा और वे कथित रूप से पाकिस्तान स्थित कुछ आपराधिक नेटवर्क और आईएसआई से जुड़े लोगों के संपर्क में आ गए. जांच एजेंसियों का दावा है कि दोनों देश के महत्वपूर्ण स्थानों को निशाना बनाने की योजना पर काम कर रहे थे. कृष्णा के मोबाइल से पाकिस्तान से जुड़े एक संदिग्ध नेटवर्क का संदेश भी मिला है, जिसमें कुछ स्थानों पर सामग्री लगाने और गतिविधियों को अंजाम देने के निर्देश होने की बात सामने आई है.
जांच के दौरान कृष्णा मिश्रा के पास से एक देशी तमंचा और कारतूस भी बरामद किए गए हैं. एटीएस ने दनियाल अशरफ को बाराबंकी से और कृष्णा मिश्रा को उसके कुशीनगर स्थित घर से गिरफ्तार किया. वहीं, परिवार का कहना है कि जब उन्हें कृष्णा की गतिविधियों पर शक हुआ तो उन्होंने उसे समझाने की कोशिश की और मारपीट भी की थी. पिता का कहना है कि वे उसे नशा मुक्ति केंद्र से वापस लाकर खुद पुलिस के हवाले करने की तैयारी कर रहे थे, लेकिन उससे पहले ही एटीएस ने कार्रवाई कर दी. फिलहाल दोनों आरोपियों से पूछताछ जारी है और पूरे नेटवर्क की जांच की जा रही है.