West Bengal Police raids Noida: पश्चिम बंगाल पुलिस की एक टीम तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) सांसद महुआ मोइत्रा और राजनीतिक रणनीतिकार प्रशांत किशोर से जुड़े वायरल फेक चैट मामले में नोएडा के एक हाई-राइज अपार्टमेंट कॉम्प्लेक्स पहुंची, लेकिन हाथ खाली लौट आई. 5 फरवरी को महुआ मोइत्रा ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर कुछ हैंडल्स की लिस्ट शेयर की थी, जिन्हें उन्होंने "फैब्रिकेटेड न्यूज़" फैलाने वाला बताया था.
उन्होंने चेतावनी दी थी कि ऐसा करने वालों के खिलाफ आपराधिक कार्रवाई की जाएगी. टीएमसी सांसद ने आगे बताया कि कुछ हैंडल्स के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है और उनकी तस्वीरें भी शेयर कीं. यह सब तब हुआ जब कथित तौर पर उनके और प्रशांत किशोर के बीच प्राइवेट चैट वायरल हो गई थीं.
नोएडा पुलिस के अनुसार, पश्चिम बंगाल पुलिस ने तुरंत कार्रवाई की और मंगलवार को लोटस पनाचे सोसाइटी पहुंची. वहां आरोपी सुरजीत दासगुप्ता को गिरफ्तार करने के लिए आई थीं, जिसके खिलाफ पश्चिम बंगाल के नदिया जिले की चीफ ज्यूडिशियल मजिस्ट्रेट (सीजेएम) कोर्ट ने नॉन-बेलेबल वारंट (एनबीडब्ल्यू) जारी किया था.
पश्चिम बंगाल पुलिस के पहुंचने पर फेज-2 पुलिस स्टेशन की टीम भी सक्रिय हो गई. सेक्टर-110 आउटपोस्ट के इंचार्ज ने टीम के साथ आरोपी के टावर और फ्लैट की पूरी जानकारी जुटाई. स्टेशन हाउस ऑफिसर भी पुलिसकर्मियों के साथ मौके पर पहुंचे और दासगुप्ता के फ्लैट पर छापेमारी की. लेकिन आरोपी वहां नहीं मिला.
पुलिस ने आरोपी की पत्नी को वारंट की जानकारी दी और आसपास के इलाके में तलाशी ली, लेकिन कोई महत्वपूर्ण जानकारी नहीं मिली. नोएडा पुलिस ने कहा कि उन्होंने पश्चिम बंगाल पुलिस को पूरा सहयोग दिया. चैट शेयर करने वालों के अलावा, पिछले हफ्ते महुआ मोइत्रा ने उन लोगों पर भी निशाना साधा था जो इन कथित बातचीत पर कमेंट कर रहे थे या रिपोर्ट कर रहे थे.
उन्होंने जोर देकर कहा कि फेक कंटेंट फैलाने वालों को कानूनी परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं. एक्स पर जवाब देते हुए मोइत्रा ने चेतावनी दी, "श्री @HardeepSPuri, अपने 'लोगों' को बताइए कि वे एक्स पर फेक सेक्शुअल कंटेंट के लिए जल्द ही बीएनएस के तहत एफआईआर और आपराधिक कार्रवाई का सामना करेंगे.
व्हीलिंग-डीलिंग करने वाले अवसरवादी गुंडे सेक्शुअल प्रीडेटर्स के साथ मिलकर भारत को गौरवान्वित नहीं करते." उन्होंने आगे कहा, "हर हैंडल के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जा रही है. पुलिस उन्हें समन करेगी और फैब्रिकेटेड कंटेंट फैलाने के लिए उन्हें परिणाम भुगतने पड़ेंगे. मुझे टिप्पणी देने की जरूरत नहीं है."