दमोह : मध्य प्रदेश के दमोह जिला न्यायालय से एक ऐसा अनोखा मामला सामने आया है, जिसने लोगों का ध्यान खींच लिया है. यहां जन्मदिन की पार्टी नहीं देने को लेकर दो अधिवक्ता मित्रों के बीच विवाद इतना बढ़ गया कि मामला कानूनी नोटिस तक पहुंच गया. एक अधिवक्ता ने अपने साथी वकील को जन्मदिन की पार्टी नहीं देने पर बाकायदा कानूनी नोटिस भेज दिया और उससे 41,250 रुपये की क्षतिपूर्ति की मांग कर डाली.
बताया जा रहा है कि दोनों अधिवक्ता आपस में दोस्त हैं. जन्मदिन के मौके पर पार्टी देने की उम्मीद थी, लेकिन कथित तौर पर पार्टी नहीं दी गई, इससे नाराज अधिवक्ता ने इसे महज दोस्ती से जुड़ा मामला न मानते हुए कानूनी कदम उठाने का फैसला किया. इसके बाद उन्होंने अपने साथी अधिवक्ता को नोटिस भेजकर पार्टी नहीं देने के कारण हुए नुकसान की भरपाई के रूप में 41,250 रुपये की मांग की.
नोटिस सामने आने के बाद जिला न्यायालय परिसर में भी यह मामला चर्चा का विषय बन गया. साथी वकीलों के बीच इस अनोखे विवाद को लेकर तरह-तरह की चर्चाएं हो रही हैं. मामला इसलिए भी दिलचस्प माना जा रहा है क्योंकि आमतौर पर जन्मदिन की पार्टी को लेकर दोस्त आपस में मजाक या नाराजगी तक सीमित रहते हैं, लेकिन यहां बात सीधे कानूनी नोटिस और मुआवजे की मांग तक पहुंच गई.
हालांकि, इस पूरे मामले में यह स्पष्ट होना अभी बाकी है कि नोटिस के बाद दोनों पक्षों के बीच विवाद किस दिशा में आगे बढ़ता है. 41,250 रुपये की क्षतिपूर्ति की मांग ने इस मामले को सोशल मीडिया और स्थानीय स्तर पर भी खासा चर्चित बना दिया है. फिलहाल, जन्मदिन की पार्टी को लेकर शुरू हुआ यह दोस्ताना विवाद कानूनी रंग ले चुका है और दमोह जिला न्यायालय में इसकी खूब चर्चा हो रही है.