वाराणसी: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की संसदीय सीट वाराणसी में विधान परिषद चुनाव के नतीजों को लेकर बुधवार को असामान्य घटनाक्रम देखने को मिला. शिक्षक सीट हारने और स्नातक सीट भी हाथ से निकलती नजर आने के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं ने हंगामा कर दिया. उन्होंने अपने ही पुलिस-प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की और आवास विकास कॉलोनी में धरने पर बैठ गए.
वाराणसी खंड शिक्षक निर्वाचन क्षेत्र पर सपा प्रत्याशी लाल बिहारी यादव ने जीत दर्ज की है. अब स्नातक सीट की मतगणना चल रही है, जहां सपा उम्मीदवार आशुतोष सिंह शुरू से ही बढ़त बनाए हुए हैं. पांचवें राउंड में वे 12,662 मतों से आगे चल रहे हैं. यह देखकर भाजपा कार्यकर्ताओं ने धांधली का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया. भाजपाइयों ने आरोप लगाया कि चुनाव प्रेक्षक प्रांजल यादव धांधली करके सपा को जिता रहे हैं.
प्रेक्षक पर धांधली का आरोप
उन्होंने चुनाव आयोग से प्रेक्षक को तुरंत हटाने की मांग की. कार्यकर्ताओं ने नारेबाजी करते हुए कहा कि शिक्षक सीट के बाद स्नातक सीट भी जाते देख वे चुप नहीं बैठ सकते. स्नातक सीट पर सपा को पहले राउंड में 5,184, दूसरे में 10,419 वोट मिले थे, जबकि भाजपा के केदारनाथ सिंह को 7,474 वोट हासिल हुए थे. वाराणसी खंड में वाराणसी, चंदौली, जौनपुर, गाजीपुर, मिर्जापुर, सोनभद्र, भदोही और बलिया शामिल हैं.
शिक्षक सीट पर सपा की जीत
शिक्षक सीट पर सपा के लाल बिहारी यादव को कुल 10,958 वोट मिले (पहले चरण में 6,941 और दूसरे में 4,017). भाजपा के डॉ. प्रमोद कुमार मिश्र को 6,060 वोट मिले. यह सीट पहले भी सपा के पास थी. 23 अक्टूबर को हुए मतदान में स्नातक के लिए 41.11 प्रतिशत और शिक्षक के लिए 69.87 प्रतिशत वोट पड़े थे. स्नातक सीट के नतीजे अभी घोषित नहीं हुए हैं, लेकिन सपा की मजबूत बढ़त को देखते हुए भाजपा खेमे में नाराजगी साफ दिख रही है.