लखनऊ: मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोमवार को सदन में कोडीन कफ सिरप मामले में सरकार का पक्ष रखा और समाजवादी पार्टी के नेताओं को खूब धोया. बोले कि प्रश्न क्या है और मुद्दे क्या उठाए जा रहे हैं. माननीय सदस्यों को अध्ययन करके आना चाहिए और सदन की गरिमा का ध्यान रखना चाहिए. नेता विरोधी दल ने सदन की कार्रवाई होते ही इस मुद्दे को उठाया, इसलिए मुझे खड़ा होना पड़ा. सीएम ने कहावत ‘चोर की दाढ़ी में तिनका’ का जिक्र कर समाजवादी पार्टी को आईना दिखाया. सीएम ने सदन में साफ किया कि कोडीन कफ सिरप से यूपी में एक भी मौत नहीं हुई है. इस मामले में एनडीपीएस के अंतर्गत कार्रवाई होगी, उत्तर प्रदेश सरकार ने इस मामले को कोर्ट में लड़ा और जीता है.
नेता प्रतिपक्ष से झूठ बोलवा देते हैं समाजवादी
सीएम ने नेता प्रतिपक्ष की चुटकी ली. बोले कि इस उम्र में व्यक्ति सच बोलने का आदी होता है, लेकिन समाजवादी इस उम्र में भी उनसे झूठ बोलवा देते हैं. समाजवादियों को ऐसा नहीं करना चाहिए और उन्हें भी सच बोलने का आदी होना चाहिए. उन्होंने लंबे समय तक स्पीकर के रूप में सदन को आगे बढ़ाया है.
2016 में समाजवादी पार्टी ने यूपी के सबसे बड़े होलसेलर को जारी किया था लाइसेंस
सीएम योगी ने सदन में कहा कि उत्तर प्रदेश में यूपी के सबसे बड़े होलसेलर को एसटीएफ ने पकड़ा था. 2016 में समाजवादी पार्टी ने उसे लाइसेंस जारी किया था. सीएम ने कहा कि देश में दो नमूने हैं. एक दिल्ली व दूसरा लखनऊ में बैठता है. जब देश में कोई चर्चा होती है तो वह देश छोड़कर भाग जाते हैं. यही आपके बबुआ के साथ भी हो रहा है. आप चिल्लाते रहेंगे और बबुआ सैरसपाटे के लिए इंग्लैंड चले जाएंगे.
यूपी में नहीं होता कोडीन कफ सिरप का प्रोडक्शन
सीएम ने फिर स्पष्ट किया कि कोडीन कफ सिरप (नकली दवा) के कारण मौत की कोई भी बात शासन के संज्ञान में नहीं आयी है. समय-समय पर एफएसडीए विभाग लगातार छापेमारी व कार्रवाई करती है. कंपनियों में भी इस प्रकार की कार्रवाई होती है. यूपी में कोडीन कफ सिरप के केवल स्टाकिस्ट व होलसेलर हैं. इसका यहां प्रोडक्शन नहीं होता. इसका प्रोडक्शन मध्य प्रदेश, हिमाचल व अन्य राज्यों में होता है. मौत के जो प्रकरण आए हैं, वह भी अन्य राज्यों के हैं. ऐसे प्रकरण तमिलनाडु में बने सिरप के कारण आए हैं. यह पूरा प्रकरण इललीगल डायवर्जन का है. इसके माध्यम से होलसेलर (सहारनपुर, गाजियाबाद, लखनऊ, कानपुर, वाराणसी) ने इसे उन देशों व राज्यों में पहुंचाया है, जहां मद्य निषेध है. वहां नशे के आदी लोगों को इसे लेने की आदत है. वहां इसका दुरुपयोग किया गया है.
समाजवादी पार्टी के लोगों का पढ़ाई-लिखाई से कोई वास्ता नहीं
मुख्यमंत्री ने सीएम ने कहा कि बच्चे हों या एडल्ट, बिना चिकित्सीय परामर्श के कोई भी इसका सेवन नहीं कर सकता. खांसी होने पर हर कोई कफ सिरप लेता है, लेकिन चिकित्सीय परामर्श से. उस पर यह अंकित भी होता है, लेकिन समाजवादी पार्टी के लोगों का पढ़ाई-लिखाई से कोई वास्ता है नहीं, इसलिए आप लोग ऐसी बाते करते हैं.
समय आने पर होगी बुलडोजर कार्रवाई, तब चिल्लाइएगा नहीं
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सरकार की कार्रवाई की जानकारी भी सदन में रखी. मुख्यमंत्री ने कहा अब तक 79 अभियोग दर्ज किए जा चुके हैं, जिनमें 225 अभियुक्त नामज़द हैं. 78 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया गया है और 134 फर्मों पर छापेमारी की कार्रवाई हुई है. मुख्यमंत्री ने कहा कि मामले की गहराई में जाएंगे तो बार-बार यही तथ्य सामने आता है कि कहीं न कहीं समाजवादी पार्टी से जुड़ा कोई नेता या व्यक्ति इसमें संलिप्त पाया जाता है. अवैध लेन-देन भी लोहिया वाहिनी के एक पदाधिकारी के खाते के माध्यम से हुआ है. एसटीएफ पूरे प्रकरण की जांच कर रही है. उन्होंने बताया कि कोर्ट ने इस मामले में एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत मुकदमा चलाने के निर्देश दिए हैं. सरकार ने इस लड़ाई को पूरी मजबूती से लड़ा है और इसमें सफलता भी प्राप्त की है. उन्होंने स्पष्ट किया कि मामले में कोई भी अपराधी बच नहीं पाएगा. सीएम ने बुलडोजर एक्शन को लेकर समाजवादी पार्टी पर तंज कसा. कहा कि चिंता मत कीजिए, समय आने पर बुलडोजर एक्शन की पूरी तैयारी रहेगी, उस समय चिल्लाइएगा नहीं.