कानपुर: उत्तर प्रदेश के कानपुर में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है. पीपीएन कॉलेज के पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष आलोक सिंह (उम्र करीब 50 वर्ष) ने मंगलवार शाम को अपने कमरे में खुद को गोली मारकर आत्महत्या कर ली. पुलिस के अनुसार, आलोक सिंह 2021 में कोविड काल के दौरान अपने बड़े बेटे की मौत के बाद से लगातार तनाव में रहते थे.
घटना कानपुर के हनुमंत विहार थाना क्षेत्र अंतर्गत बसंत विहार की है. परिवार के अनुसार, आलोक सिंह मंगलवार शाम अपने कमरे में गए और दरवाजा अंदर से बंद कर लिया. बुधवार सुबह जब देर तक दरवाजा नहीं खुला तो परिजनों ने दरवाजा तोड़कर अंदर देखा. बिस्तर पर उनका खून से लथपथ शव पड़ा मिला.
प्रारंभिक जांच में पता चला कि आलोक सिंह ने अपनी लाइसेंसी डबल बैरल बंदूक से सिर में गोली मारी. कमरे से कोई सुसाइड नोट नहीं मिला है. पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की जांच शुरू कर दी है.
आलोक सिंह का परिवार ट्रांसपोर्ट का कारोबार करता है. उनकी पत्नी विनीता पिछले दो वर्षों से दोनों बेटियों के साथ लखनऊ में रह रही थीं. परिजनों का कहना है कि बेटे की मौत के बाद पारिवारिक दूरी और तनाव के कारण आलोक सिंह शराब का अधिक सेवन भी करने लगे थे.
हनुमंत विहार थाना प्रभारी ने बताया कि प्रारंभिक जांच में आत्महत्या ही प्रतीत हो रही है. लाइसेंसी बंदूक को कब्जे में ले लिया गया है. यह घटना एक बार फिर मानसिक स्वास्थ्य और पारिवारिक संकट के मुद्दे को गंभीरता से उठाती है, खासकर उन लोगों के लिए जो महामारी के दौरान अपने प्रियजनों को खो चुके हैं.