भोपाल: मध्य प्रदेश की अजनार नदी को 8 महीने तक साफ करने वाले पर्यावरण कार्यकर्ता और कंटेंट क्रिएटर बिट्टू तबाही का दिल टूट गया है. जब वे नदी पर वापस पहुंचे तो किनारे फिर से कचरे से भरे मिले. इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर करते हुए उन्होंने लिखा, ''मैंने कभी नहीं सोचा था कि मेरी 8 महीने की मेहनत इस तरह बेकार हो जाएगी.'' बिट्टू तबाही (असली नाम सुरेंद्र सिंह चौधरी) ने अजनार नदी की सफाई में कई महीने लगाए थे. अब नदी फिर से प्रदूषित हो गई है. वीडियो में वे दोबारा सफाई करते दिख रहे हैं.
उन्होंने बताया कि वे अपने उपकरण और दस्ताने लेकर जाते हैं. पहले किनारे का कचरा हटाते हैं, फिर पानी में उतरकर कचरा निकालते हैं, भले ही उन्हें तैरना नहीं आता. वीडियो वायरल होने के बाद यूजर्स ने उनकी तारीफ की. एक यूजर ने लिखा, ''बहुत दुखद… लेकिन तुम हीरो हो भाई. और ताकत मिले!''
दूसरे ने टिप्पणी की, ''भारत के लोगों को साफ माहौल का हक नहीं. यहां सिविक सेंस अपराध है.'' बिट्टू ने लोगों से सुझाव भी मांगे कि कचरा हटाने का और प्रभावी तरीका क्या हो सकता है. वे अपनी सफाई मुहिम का दस्तावेजीकरण जारी रखे हुए हैं. बिट्टू ने पहले भी कई जगहों पर सफाई अभियान चलाया है.
सितंबर में उन्होंने अपनी टीम के साथ दिल्ली में यमुना से 585 किलो कचरा हटाया. गुरुग्राम के खेड़की दौला में 2,435 किलो कचरा निकाला. नोएडा समेत तीन शहरों का अभियान भी चलाया था. अजनार नदी पर उनकी मेहनत पहले भी चर्चा में आई थी, क्योंकि उन्होंने बिना आधुनिक उपकरणों के बड़े पैमाने पर सफाई की थी. अब दोबारा कचरा जमा होने से साफ पर्यावरण बनाए रखने की चुनौती एक बार फिर सामने आ गई है. बिट्टू का संदेश साफ है, ''मैं फिर से साफ करूंगा.''