नई दिल्ली: गुरुवार को देश के कई हिस्सों में मौसम का मिजाज बदलने वाला है. भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने 11 राज्यों में तूफानी हवाओं और बारिश का अलर्ट जारी किया है. इन राज्यों में तेज हवाएं 60-70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती हैं, जिसके साथ गरज-चमक के साथ बारिश भी होने की संभावना है.
दिल्ली, उत्तर प्रदेश, राजस्थान, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड, पंजाब, हरियाणा, छत्तीसगढ़, जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश हो सकती है. यह बदलाव मुख्य रूप से ईरान के ऊपर बने एक सक्रिय पश्चिमी विक्षोभ की वजह से हो रहा है, जो उत्तर भारत में मौसम को प्रभावित कर रहा है.
दिल्ली और उत्तर प्रदेश का मौसम
गुरुवार को दिल्ली में आंशिक बादल छाए रह सकते हैं. अधिकतम तापमान 33 डिग्री सेल्सियस के आसपास और न्यूनतम तापमान 18 डिग्री के करीब रहने की उम्मीद है. अगले कुछ दिनों में हल्की बारिश के साथ तेज हवाएं भी चल सकती हैं, जिससे मौसम थोड़ा ठंडा और आरामदायक बना रहेगा. उत्तर प्रदेश के ज्यादातर इलाकों में 3 अप्रैल तक बारिश और तेज हवाओं की संभावना है. हवा की गति 30 किलोमीटर प्रति घंटे से ज्यादा हो सकती है. दोपहिया वाहन चलाने वालों को सतर्क रहने की जरूरत है क्योंकि तेज हवाएं परेशानी पैदा कर सकती हैं.
बिहार में हालात, राजस्थान
बिहार में भी मौसम खराब रहने वाला है. पटना समेत कई जिलों में भारी बारिश और 60 किलोमीटर प्रति घंटे की तेज हवाओं का अलर्ट है. प्रभावित जिलों में मुजफ्फरपुर, दरभंगा, मधुबनी, नालंदा, बेगूसराय, रोहतास, गया, पश्चिमी चंपारण, पूर्वी चंपारण और समस्तीपुर शामिल हैं. 2 से 4 अप्रैल के बीच राजस्थान के कई हिस्सों में हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है. जयपुर, बाड़मेर, जैसलमेर, अजमेर, चुरू, झुंझुनू, धौलपुर और सवाई माधोपुर में 60 किलोमीटर प्रति घंटे तक की तेज हवाएं चलने का अनुमान है. मध्य प्रदेश में 2 अप्रैल को कई इलाकों में बारिश की अच्छी संभावना है. दतिया, अशोक नगर, दमोह, पन्ना, ग्वालियर और सागर सहित अन्य क्षेत्रों में हल्की से मध्यम बारिश के साथ 50 किलोमीटर प्रति घंटे की हवाएं चल सकती हैं.
हिमाचल प्रदेश में सावधानी
अगर आप हिमाचल घूमने की योजना बना रहे हैं तो मौसम अपडेट जरूर देख लें. 3-4 अप्रैल के दौरान शिमला, मनाली, कुल्लू, मंडी, लाहौल-स्पीति, चंबा और कांगड़ा में मध्यम बारिश के साथ 40 किलोमीटर प्रति घंटे की हवाएं चलने की संभावना है. जहां भी अलर्ट है, वहां रहने वाले लोग खुले में न निकलें, पेड़ों के नीचे न रुकें और मजबूत संरचनाओं में रहें. दोपहिया वाहनों का इस्तेमाल कम करें. मौसम में अचानक बदलाव हो सकता है, इसलिए IMD की आधिकारिक वेबसाइट या ऐप पर नवीनतम अपडेट चेक करते रहें.