तेहरान: इजरायल द्वारा बेरूत के दक्षिणी उपनगरों पर हमला करने के कुछ घंटों बाद, संघर्ष ने एक और खतरनाक मोड़ ले लिया. रविवार रात उत्तरी इजरायल के कई इलाकों में एयर रेड सायरन बज उठे जब ईरान ने बैलिस्टिक मिसाइलें दाग दीं. यह 8 अप्रैल को हुए सीजफायर के बाद ईरान का इजरायल पर पहला प्रत्यक्ष हमला है.
इजरायली सेना ने कहा कि उसने ईरान से मिसाइलें लॉन्च होते हुए पहचानीं और तुरंत हवाई सुरक्षा प्रणालियों को सक्रिय कर दिया. कई इलाकों में सायरन बजाए गए और अधिकारियों ने निवासियों को आने वाले खतरे की चेतावनी दी. इजरायली सेना ने एक्स एक बयान में कहा, "आईडीएफ ने ईरान से इजरायल की ओर लॉन्च की गई मिसाइलों की पहचान की है. रक्षात्मक प्रणालियां खतरे को रोकने के लिए काम कर रही हैं."
सेना ने आगे कहा, "एयर फोर्स ने अब तक ईरान से लॉन्च की गई सभी मिसाइलों को रोक लिया है." इसमें यह भी कहा गया कि इजरायल की ओर और अतिरिक्त लॉन्च की पहचान की गई है. अभी तक किसी हताहत या नुकसान की तत्काल रिपोर्ट नहीं आई है.
बेरूत हवाई हमलों के बाद मिसाइल हमला
यह हमला 8 अप्रैल को सीजफायर लागू होने के बाद ईरान का इजरायल पर पहला प्रत्यक्ष हमला है, जिससे महीनों से चली आ रही नाजुक शांति खत्म होने के भय पैदा हो गए हैं. ईरान ने बार-बार चेतावनी दी थी कि अगर इजरायल बेरूत पर हमला करता है तो वह जवाबी कार्रवाई करेगा.
मिसाइलें लॉन्च करने से कुछ घंटे पहले ही इजरायली बलों ने बेरूत के दक्षिणी उपनगरों (दाहिये जिले) पर हवाई हमले किए थे, जो हेज़बोल्लाह का मजबूत गढ़ माना जाता है. इन हमलों के बाद तेहरान की ओर से तीखी प्रतिक्रिया आई. ईरानी अधिकारियों ने पहले ही चेतावनी दे रखी थी कि लेबनान की राजधानी पर इजरायल का हमला बिना जवाब के नहीं रहेगा.
ईरान ने दी कड़ी चेतावनी
मिसाइल हमलों के बाद ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड्स (IRGC) ने कहा कि उन्होंने इजरायल के रामत डेविड एयर बेस को IRGC एयरोस्पेस फोर्स द्वारा दागी गई बैलिस्टिक मिसाइलों से निशाना बनाया. ईरानी सैन्य अधिकारियों ने इजरायल को नई चेतावनी जारी की.
ईरानी राज्य मीडिया में आए बयानों के अनुसार, खातम अल-अंबिया बलों के कमांडर ने इजरायल पर बेरूत के दक्षिणी उपनगरों को निशाना बनाने और दक्षिणी लेबनान में सैन्य अभियान बढ़ाने का आरोप लगाते हुए कहा कि इजरायल ने "सभी लाल रेखाओं" को पार कर लिया है.
बयान में कहा गया है कि हमने पहले ही चेतावनी दी थी कि अगर बेरूत उपनगरों में अपराध फैला तो हम कब्जे वाले क्षेत्रों में हमला करेंगे. कमांडर ने यह भी चेतावनी दी कि इजरायल को लेबनान पर हमले रोकने होंगे, वरना और परिणाम भुगतने पड़ेंगे.
बयान में कहा गया था कि इजरायली सेना को दक्षिणी लेबनान और उपनगरों पर अपने हमले रोकने चाहिए. अगर उसने उस क्षेत्र पर हमले बढ़ाए या ईरान की कार्रवाई का जवाब दिया, तो उसे और भी दुखदायी झटके लगेंगे तथा व्यवस्था और उसके समर्थकों के खिलाफ विनाशकारी हमले शुरू हो जाएंगे.