लखनऊ : उत्तर प्रदेश के लखनऊ से बिजली उपभोक्ताओं के लिए राहत भरी खबर सामने आई है. स्मार्ट मीटर के नाम पर अतिरिक्त वसूली का मामला सामने आने के बाद अब करीब पांच लाख उपभोक्ताओं को लगभग 200 करोड़ रुपये वापस किए जाने की तैयारी चल रही है. बताया जा रहा है कि स्मार्ट मीटर इंस्टॉलेशन और अन्य शुल्कों के नाम पर उपभोक्ताओं से तय राशि से कहीं अधिक रकम वसूली गई थी. जानकारी के मुताबिक, जहां कुछ मामलों में उपभोक्ताओं से लगभग 2800 रुपये लिए जाने थे, वहीं उनसे 6016 रुपये तक वसूल लिए गए.
इस अतिरिक्त वसूली को लेकर लगातार शिकायतें मिल रही थीं, जिसके बाद मामले की समीक्षा की गई. जांच में गड़बड़ी सामने आने पर अब रकम वापसी का फैसला लिया गया है. सूत्रों के अनुसार, इस महीने के भीतर उपभोक्ताओं के खातों में या बिल एडजस्टमेंट के जरिए राशि वापस की जा सकती है. फिलहाल रकम वापसी से जुड़ी फाइल संस्तुति प्रक्रिया में है और अंतिम मंजूरी के बाद औपचारिक आदेश जारी होंगे.
फैसले से उन लाखों उपभोक्ताओं को राहत मिलेगी, जो लंबे समय से अतिरिक्त वसूली की शिकायत कर रहे थे. बिजली विभाग का कहना है कि प्रक्रिया पूरी होते ही उपभोक्ताओं को पारदर्शी तरीके से लाभ दिया जाएगा. स्मार्ट मीटर योजना में गड़बड़ियों को लेकर आगे भी निगरानी बढ़ाने की बात कही जा रही है.