नई दिल्ली: उत्तर प्रदेश के गोरखपुर में एक चौंकाने वाली घटना सामने आई है, जहां एक शख्स ने अपने दो दोस्तों का 20 किलोमीटर तक पीछा किया और उनके वजन का मजाक उड़ाने की वजह से उन्हें गोली मार दी. इस घटना ने सभी को हैरान कर दिया और यह दिखाया कि छोटी सी बात कितने बड़े विवाद का कारण बन सकती है. यह घटना 2 मई की शाम को तारकुल्हा देवी मंदिर में आयोजित एक पार्टी के दौरान शुरू हुई. आरोपी, अर्जुन चौहान, अपने चाचा के साथ इस कार्यक्रम में शामिल होने आया था. वहां पीड़ित, अनिल और शुभम, भी मौजूद थे.
अर्जुन ने पुलिस को बताया कि पार्टी के दौरान अनिल और शुभम ने सबके सामने उसे मोटा कहकर मजाक उड़ाया. अर्जुन ने कहा, ''खाने के दौरान उन्होंने मेरे वजन को लेकर मजाक किया, जिससे मुझे बहुत बुरा लगा. मैंने अपनी नाराजगी जाहिर की, लेकिन वहां मौजूद अन्य लोग भी हंसने लगे.'' इससे अर्जुन को बहुत अपमान महसूस हुआ. हालांकि उस समय वहां मौजूद लोगों ने स्थिति को शांत कर दिया, लेकिन अर्जुन के मन में गुस्सा भड़क चुका था.
उसने ठान लिया कि वह अनिल और शुभम को सबक सिखाएगा. अपमानित महसूस करते हुए, अर्जुन ने अपने दोस्त आसिफ को इस घटना के बारे में बताया. दोनों ने मिलकर अनिल और शुभम से बदला लेने की योजना बनाई. अर्जुन ने बताया कि अनिल और शुभम उस समय मंझरिया की ओर जा रहे थे. अर्जुन और आसिफ ने उनका पीछा करने का फैसला किया और हाइवे पर उनकी गाड़ी के पीछे लग गए.
अर्जुन ने कहा, ''हमने उनकी गाड़ी को रोकने की कोशिश की, लेकिन वे आगे निकल गए. हमने उनका पीछा जारी रखा. करीब 20 किलोमीटर तक पीछा करने के बाद, हम टेंडुआ टोल प्लाजा के पास उनकी गाड़ी को ओवरटेक करने में कामयाब हुए.'' इसके बाद, अर्जुन और आसिफ ने अनिल और शुभम को उनकी गाड़ी से बाहर खींचा. अर्जुन ने बताया, ''हमने दोनों को कॉलर पकड़कर बाहर निकाला और उन पर गोली चला दी.''
गोलीबारी की आवाज सुनकर आसपास मौजूद लोग दौड़े और घायल अनिल और शुभम को तुरंत जिला अस्पताल ले गए. वहां से उनकी गंभीर हालत को देखते हुए उन्हें मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया. पुलिस ने इस मामले में तुरंत कार्रवाई की. पुलिस अधीक्षक (एसपी) जितेंद्र कुमार ने बताया, ''आरोपी अर्जुन चौहान को गिरफ्तार कर लिया गया है. उसने पुलिस को कबूल किया कि मजाक उड़ाने को लेकर हुए विवाद के बाद उसने योजना बनाकर गोलीबारी की. पीड़ितों का इलाज मेडिकल कॉलेज में चल रहा है और अब उनकी हालत खतरे से बाहर है.''
पुलिस इस मामले की गहराई से जांच कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि इस घटना के पीछे और क्या कारण हो सकते हैं. यह घटना न केवल गोरखपुर बल्कि पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गई है. यह हमें यह सोचने पर मजबूर करती है कि छोटी-छोटी बातों को लेकर गुस्सा और हिंसा कितनी खतरनाक हो सकती है. समाज में आपसी सम्मान और संवेदनशीलता की कितनी जरूरत है, यह इस घटना से साफ हो जाता है.