नई दिल्ली: 2025 बिहार विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के बाद राज्य की सियासत में एक बार फिर उथल-पुथल मच गई है. NDA को स्पष्ट बहुमत मिलने पर अब नेतृत्व और नई सरकार बनाने की प्रक्रिया को लेकर शनिवार से ही नई चर्चाओं का सिलसिला शुरू हो चुका है. मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने JDU के सभी चुने हुए विधायकों को तुरंत पटना आने के लिए कहा है.
पार्टी के अंदरूनी सूत्र बता रहे हैं कि आने वाले 24 घंटों में JDU विधायक दल की अहम बैठक हो सकती है, और इसी वजह से नीतीश कुमार ने सभी नए विधायकों को पटना बुलाया है. इस बैठक में नेतृत्व चयन, सरकार गठन की रूपरेखा, गठबंधन की समन्वय प्रक्रिया और आने वाले प्रशासनिक कार्यों की प्राथमिकताओं पर विचार-विमर्श होने की उम्मीद है.
हालांकि अभी तक इस बैठक को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है, लेकिन मौजूदा हालात यही इशारा कर रहे हैं कि नई सरकार के ढांचे को लेकर कोई महत्वपूर्ण निर्णय इस बैठक में लिया जा सकता है. NDA ने बिहार में पूर्ण बहुमत हासिल कर लिया है, जिससे राज्य में स्थिर सरकार बनने की राह पूरी तरह साफ हो गई है. फिर भी बार-बार यह प्रश्न उठ रहा है कि क्या नीतीश कुमार ही फिर से मुख्यमंत्री बनेंगे?
इस मुद्दे पर भाजपा के नेता और मौजूदा सरकार में मंत्री रहे नितिन नवीन ने स्पष्ट कहा, "कोई संदेह की गुंजाइश नहीं है, नीतीश कुमार ही मुख्यमंत्री रहेंगे." वहीं मंत्री श्रवण कुमार ने भी यही बात दोहराई, "बिहार में CM नीतीश कुमार थे, हैं और रहेंगे. मुख्यमंत्री पद पर कोई खाली जगह नहीं है, जल्द ही सभी को अच्छी खबर मिलेगी."
दोनों नेताओं ने ये बयान मुख्यमंत्री आवास पर नीतीश कुमार से मिलने के बाद दिए. शनिवार सुबह से राजनीतिक हलचल और तेज हो गई, जब LJP (RV) के नेता चिराग पासवान अपने सभी नवनिर्वाचित विधायकों के साथ CM आवास पहुंचे. यह मुलाकात करीब 25-30 मिनट तक चली, जिसके बाद चिराग पासवान ने मीडिया से बातचीत में इसे एक औपचारिक भेंट बताया.
उन्होंने कहा कि चुनावी नतीजों पर चर्चा हुई और सहयोग के लिए आभार जताया गया. चिराग ने यह भी बताया कि JDU और LJP (RV) ने कई इलाकों में एक-दूसरे का साथ दिया, जिसकी वजह से यह जीत संभव हुई. जब उनसे मुख्यमंत्री पद को लेकर सवाल किया गया, तो उन्होंने इसे गठबंधन के बड़े नेताओं पर छोड़ दिया, जिससे तरह-तरह की अटकलें लगनी शुरू हो गईं.