Pak spy arrested: उत्तराखंड के हरिद्वार जिले से 4 ऐसे लोग पकड़े गए हैं, जिनकी कहानी सुन दिल्ली तक हड़कंप मचा है, इनमें से तीन को हरिद्वार पुलिस ने पकड़ा है, जिसमें एक महिला भी है, जबकि चौथे व्यक्ति को पंजाब की बठिंडा पुलिस ने गिरफ्तार किया है, जो पंजाब के बठिंडा आर्मी कैंट इलाके में टेलर यानि दर्जी का काम करता था. जिसकी गतिविधियां संदिग्ध दिखी तो आर्मी जवानों ने स्थानीय पुलिस को सूचित किया, और जब पुलिस ने इसे पकड़ा तो 5 बड़े खुलासे हुए.
कुछ वक्त पहले बिहार के एक मोची को भी इसी शक में पकड़ा गया था, हालांकि बाद में पता चला वो हनीट्रैप का शिकार था, लेकिन रकीब पाकिस्तानी आकाओं के संपर्क में था! पुलिस ये पता करने में जुटी है कि ऑपरेशन सिंदूर से जुड़ी क्या-क्या बातें इसकी पाकिस्तान में बैठे लोगों से हुई है, और वहां से इसे क्या आदेश मिल रहा था, कुछ दिन पहले ही पंजाब के मलेरकोटला से पुलिस ने गुजाला नाम की एक महिला और एक पुरुष को पकड़ा था, जो 30 हजार रुपये लेकर संवेदनशील जानकारियां पाकिस्तान भेज रहे थे, और इस काम में उनकी मदद दिल्ली के पाकिस्तानी उच्चायोग में बैठा अधिकारी कर रहा था, एक तऱफ ये जासूस देश की सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा बने हुए हैं, तो दूसरी तरफ रुबीना अख्तर जैसी महिलाएं हैं, जिन्हें हरिद्वार पुलिस ने पकड़ा है. वहां के एसपी सिटी पंकज गैरोला बताते हैं
“बांग्लादेश के मुरदपुर रोड की रहने वाली ये महिला साल 2018 में अपने 5 साल के बेटे को लेकर हिंदुस्तान आई थी, हरिद्वार में इसकी मुलाकात संतोष कुमार दूबे नाम के व्यक्ति से हुई, दोनों ने शादी की, और फिर फर्जी आधार कार्ड-पैन कार्ड बनाकर यहां रहने लगे. संतोष दूबे यूपी के पीलीभीत जिले के एक गांव का रहने वाला है. दोनों का एक नाबालिग बेटा भी है”.
उत्तराखंड पुलिस अलग-अलग जिलों में छिपे बांग्लादेशियों को पकड़ने के लिए अभियान चला रही है, दिल्ली से लेकर उत्तर प्रदेश तक अवैध घुसपैठियों को पकड़ने की कार्रवाई तेज हो चली है, क्योंकि एक तरफ सीमापार पाकिस्तान जैसा दुश्मन देश है तो दूसरी तरफ देश के भीतर ही कुछ जासूस और घुसपैठिए छिपे बैठे हैं, जो हिंदुस्तान की खाकर हिंदुस्तान के खिलाफ काम कर रहे हैं. खासकर एयरफोर्स स्टेशन और आर्मी कैंप के इलाकों के आसपास रहने वाले ऐसे लोगों की स्पेशल जांच शुरू कर दी गई है, जो दिखाने के लिए छोटे-मोटे कामों में लगे हैं, लेकिन उनकी असली मंशा दुश्मन को मदद पहुंचाना है, यही वजह है कि ऑपरेशन सिंदूर के बाद जासूसों के पकड़े जाने में तेजी आई है, आपको भी अगर किसी की गतिविधि संदिग्ध लगती है, तो उसकी जानकारी तुरंत पुलिस या सेना को दें, ताकि पाकिस्तान के मददगारों का मुकम्मल इलाज हो सके.