कोलकाता: तृणमूल कांग्रेस (TMC) में विद्रोह की आग तेजी से फैल रही है. ‘काबा-मदीना’ गाने वाली चर्चित लोकसभा सांसद सायोनी घोष भी अब ममता बनर्जी का साथ छोड़ने जा रही हैं. सूत्रों के अनुसार, उन्होंने बागी गुट की अगुवाई कर रही सांसद काकोली घोष दस्तीदार का साथ देने का फैसला कर लिया है और इससे जुड़े दस्तावेजों पर हस्ताक्षर भी कर दिए हैं.
न्यूज18 की रिपोर्ट के मुताबिक, सायोनी घोष बागी सांसदों की लिस्ट में शामिल हो चुकी हैं. इस लिस्ट में करीब 20 सांसदों के नाम बताए जा रहे हैं, जो लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को समर्थन पत्र सौंपने की तैयारी में हैं.
क्या है वजह?
सायोनी घोष को पार्टी नेतृत्व से पर्याप्त समर्थन न मिलने की शिकायत है. चुनाव प्रचार के दौरान वे विपक्ष के निशाने पर रहीं, लेकिन उस समय कोई बड़ा TMC नेता उनके साथ नहीं खड़ा हुआ. सूत्रों का कहना है कि उन्हें लगता है कि TMC में अब उनका कोई भविष्य नहीं बचा है. हालांकि, महज कुछ हफ्ते पहले 4 मई को पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव नतीजों के बाद सायोनी घोष ने ममता बनर्जी के प्रति वफादारी जताते हुए कहा था कि वे “बिना किसी डर के” उनके साथ खड़ी रहेंगी.
नियुक्ति के बावजूद विद्रोह
ममता बनर्जी ने हाल ही में संगठनात्मक बदलाव करते हुए सायोनी घोष को फिर से तृणमूल युवा कांग्रेस का अध्यक्ष बनाया था. इसके बावजूद उनका बागियों की ओर रुख करना TMC के लिए बड़ा झटका माना जा रहा है. जाधवपुर से लोकसभा सांसद सायोनी घोष अभिनेत्री और गायिका के रूप में भी जानी जाती हैं. ‘काबा-मदीना’ गाने के कारण वे हाल ही में काफी सुर्खियों में रहीं थीं.
TMC सूत्रों ने अभी इस खबर पर कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं दी है, लेकिन पार्टी में बगावत का सिलसिला लगातार बढ़ता जा रहा है. कुछ दिन पहले सुष्मिता देव के राज्यसभा से इस्तीफे के बाद यह दूसरा बड़ा झटका है. बंगाल की सियासी गलियारों में हलचल तेज है और आने वाले दिनों में और बड़े खुलासे हो सकते हैं.