ग्रेटर नोएडा: हरियाणा के गुरुग्राम की रहने वाली 21 वर्षीय बीडीएस (बैचलर ऑफ डेंटल सर्जरी) द्वितीय वर्ष की छात्रा ज्योति शर्मा ने शुक्रवार रात ग्रेटर नोएडा की एक निजी यूनिवर्सिटी के हॉस्टल के कमरे में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली. इस मामले में पुलिस ने यूनिवर्सिटी के दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया है. ग्रेटर नोएडा के अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त (ADCP) सुधीर कुमार ने बताया कि छात्रा के परिवार की शिकायत के आधार पर यूनिवर्सिटी प्रबंधन के दो कर्मचारियों को गिरफ्तार किया गया है. उन्होंने आगे कहा कि ज्योति के शव को पोस्टमॉर्टम के लिए भेज दिया गया है.
ज्योति के कमरे से बरामद एक सुसाइड नोट में यूनिवर्सिटी के दो प्रोफेसरों और प्रशासन पर मानसिक उत्पीड़न का आरोप लगाया गया है. नोट में ज्योति ने लिखा, "मुझे लंबे समय से मानसिक रूप से प्रताड़ित और अपमानित किया गया है, जिसके कारण मैं तनाव में थी. मैं चाहती हूं कि दोषियों को सलाखों के पीछे डाला जाए. उन्होंने मुझे मानसिक रूप से परेशान किया और अपमानित किया. मैं चाहती हूं कि वे भी वही दर्द महसूस करें."
घटना की जानकारी मिलते ही यूनिवर्सिटी के छात्रों ने प्रशासन के खिलाफ विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया. छात्रों ने आरोप लगाया कि ज्योति हस्ताक्षर जालसाजी के झूठे आरोपों के कारण तनाव में थी. प्रदर्शन के दौरान पुलिस और छात्रों के बीच मामूली झड़प भी हुई. ADCP सुधीर कुमार ने बताया, "मृतका के परिवार और यूनिवर्सिटी के छात्रों में प्रशासन के प्रति गुस्सा था, जिसे पुलिस अधिकारियों ने बातचीत के जरिए शांत किया. अब स्थिति नियंत्रण में है, और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है."
यूनिवर्सिटी के जनसंपर्क अधिकारी डॉ. अजीत कुमार ने बयान जारी कर कहा, "फिलहाल दो शिक्षकों को निलंबित कर दिया गया है. इस मामले की जांच के लिए एक समिति गठित की गई है. समिति की रिपोर्ट के आधार पर दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी."